मुंबई
भारत के पूर्व ऑफ स्पिनर हरभजन सिंह ने गुजरात टाइटंस के मुख्य कोच आशीष नेहरा की जमकर तारीफ की है। उन्होंने कहा कि नेहरा की ऊर्जा और काम करने का तरीका फुटबॉल कोच जैसा है। उनके अनुसार नेहरा ने टीम में एक मजबूत एकजुटता बनाई है।
हरभजन सिंह ने जियोस्टार से बातचीत में कहा कि आशीष नेहरा का खिलाड़ियों के साथ लगातार संवाद टीम की सफलता में अहम भूमिका निभाता है। उन्होंने कहा कि नेहरा को खेल की गहरी समझ है और वह हर खिलाड़ी से जुड़े रहते हैं।
हरभजन ने कहा कि नेहरा जहां भी जाते हैं, वहां का माहौल हल्का और सहज बना देते हैं। उनके अनुसार टीम में ऐसा माहौल बनना बहुत जरूरी होता है, जिससे खिलाड़ी दबाव में बेहतर प्रदर्शन कर सकें।उन्होंने एक बयान में कहा कि नेहरा ऐसे व्यक्ति हैं जो हर समय खिलाड़ियों के साथ जुड़े रहते हैं। वह मैदान के बाहर भी टीम से बातचीत करते रहते हैं और खिलाड़ियों को मानसिक रूप से मजबूत करते हैं।
हरभजन सिंह ने नेहरा की तुलना फुटबॉल कोच से करते हुए कहा कि वह मैच के दौरान बिल्कुल शांत नहीं बैठते। वह लगातार खिलाड़ियों से बात करते रहते हैं और उन्हें निर्देश देते रहते हैं।उन्होंने कहा कि नेहरा का तरीका अलग है। वह हर गेंद और हर स्थिति पर नजर रखते हैं। इसी वजह से खिलाड़ी उनके साथ सहज महसूस करते हैं और बेहतर प्रदर्शन करते हैं।
हरभजन ने गुजरात टाइटंस के प्रदर्शन की भी तारीफ की। उन्होंने कहा कि टीम ने हाल के वर्षों में अच्छा प्रदर्शन किया है और इसमें कोचिंग स्टाफ की बड़ी भूमिका है।उन्होंने कहा कि आशीष नेहरा की सबसे बड़ी ताकत उनकी सकारात्मक ऊर्जा है। वह खिलाड़ियों को दबाव में भी आत्मविश्वास देते हैं।
हरभजन के अनुसार नेहरा सिर्फ रणनीति नहीं बनाते, बल्कि खिलाड़ियों के साथ व्यक्तिगत रूप से भी जुड़े रहते हैं। यही कारण है कि टीम में एक मजबूत इकाई बनी रहती है।गुजरात टाइटंस ने पिछले कुछ सीजन में आईपीएल में अच्छा प्रदर्शन किया है। टीम ने युवा और अनुभवी खिलाड़ियों का अच्छा संतुलन बनाया है।
हरभजन सिंह के इस बयान के बाद आशीष नेहरा की कोचिंग शैली की एक बार फिर चर्चा शुरू हो गई है। क्रिकेट विशेषज्ञ भी मानते हैं कि नेहरा का तरीका पारंपरिक कोचिंग से अलग है।उनकी सक्रियता और मैदान पर लगातार मौजूद रहने की आदत उन्हें बाकी कोचों से अलग बनाती है। यही वजह है कि खिलाड़ी उनके साथ सहज महसूस करते हैं और बेहतर प्रदर्शन करते हैं।