lead the Indian challenge in the World Boxing Cup.
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
दुनिया की नंबर एक मुक्केबाज मीनाक्षी और अनुभवी दीपक चीन के गुइयांग में 15 से 21 जून तक होने वाले विश्व मुक्केबाजी कप 2026 (चरण दो ) में भारत की चुनौती की अगुवाई करेंगे।
यह भारत की दूसरे दर्जे की टीम है जिसमें वे मुक्केबाज शामिल हैं जो राष्ट्रमंडल खेलों और एशियाई खेलों के ट्रायल में उप विजेता रहे थे।
भारत पिछले विश्व कप चक्र में शानदार प्रदर्शन के बाद इस टूर्नामेंट में उतर रहा है। उस दौरान टीम ने अलग-अलग चरण में लगातार कई पदक जीते और फाइनल में भी अच्छा प्रदर्शन किया जिससे वैश्विक स्तर पर उसके बढ़ते रुतबे का पता चलता है।
भारतीय मुक्केबाजी महासंघ (बीएफआई) ने एक मजबूत टीम चुनी है जिसमें पुरुष और महिला दोनों वर्ग में अनुभवी और युवा प्रतिभा का अच्छा मिश्रण है।
शीर्ष 10 रैंकिंग वाले खिलाड़ियों की कुल संख्या के मामले में भारत अभी दुनिया में तीसरे स्थान पर है। इसमें महिला वर्ग में दूसरा और पुरुष वर्ग में चौथा स्थान शामिल है।
शीर्ष तीन रैंकिंग वाले खिलाड़ियों के मामले में भारत महिला वर्ग में दुनिया में सबसे आगे है जो एलीट स्तर पर उसके दबदबे को दिखाता है।
यह टूर्नामेंट भारतीय मुक्केबाजों के लिए जरूरी रैंकिंग अंक हासिल करने और महत्वपूर्ण प्रतिस्पर्धी सत्र में अपनी लय बनाए रखने का मौका है।
टीम के बारे में बात करते हुए बीएफआई अध्यक्ष अजय सिंह ने कहा, ‘‘विश्व मुक्केबाजी कप हमारे खिलाड़ियों के लिए शीर्ष अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा के बीच खुद को परखने का एक अहम मंच है। हमने जो प्रणाली और ढांचा बनाया है उनके अब लगातार अच्छे नतीजे आ रहे हैं और सभी वजन वर्ग में खिलाड़ी शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं।’’
उन्होंने कहा, ‘‘हमें पहले से कहीं अधिक गहराई देखने को मिल रही है और यह निरंतरता भारत को दुनिया के प्रमुख मुक्केबाजी देशों में से एक के तौर पर स्थापित करने में मदद कर रही है।’’
महिलाओं के वर्ग में मीनाक्षी (51 किग्रा) मजबूत क्रम की अगुवाई कर रही हैं जिसमें पूनम (54 किग्रा), प्राची (57 किग्रा) और माही लामा (60 किग्रा) भी शामिल हैं।
टीम को स्नेह (65 किग्रा), गीतिमोनी जी (70 किग्रा), सनामाचा सी (75 किग्रा), नैना (80 किग्रा) और अल्फिया तरन्नुम अकरम खान पठान (80 किग्रा से अधिक) की मौजूदगी से और मजबूती मिली है जिससे सभी वजन वर्ग में मजबूत प्रतिनिधित्व सुनिश्चित होता है।