चेम्सफोर्ड में खेले गए पहले टी20 मुकाबले में भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए इंग्लैंड को 38 रनों से हरा दिया. इस जीत के साथ ही भारत ने तीन मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली है. मैच की स्टार रहीं जेमिमा रोड्रिग्स जिन्होंने महज 40 गेंदों में 69 रनों की धुआंधार पारी खेली. अपनी इस पारी में उन्होंने 10 चौके और 1 छक्का लगाया. शानदार बल्लेबाजी के लिए जेमिमा को 'प्लेयर ऑफ द मैच' चुना गया.
मैच के बाद जेमिमा रोड्रिग्स ने अपनी इस सफलता और टीम की जीत का श्रेय अपनी साथी बल्लेबाज यास्तिका भाटिया को दिया. जेमिमा ने कहा कि यास्तिका के साथ उनकी साझेदारी मैच का टर्निंग पॉइंट रही जिसने टीम को मुश्किल हालात से निकाला और बड़ा स्कोर बनाने की नींव रखी.
यास्तिका ने कम किया दबाव
जेमिमा रोड्रिग्स ने मैच के बाद बातचीत में कहा कि इस बेहतरीन पारी का काफी श्रेय यास्तिका भाटिया को जाता है. उन्होंने क्रीज पर आते ही रन बनाकर मेरे ऊपर से दबाव पूरी तरह हटा दिया था. हमारे बीच हुई वह साझेदारी बेहद महत्वपूर्ण थी क्योंकि उसने भारतीय पारी को स्थिरता दी.
जेमिमा ने अपनी बल्लेबाजी रणनीति पर बात करते हुए कहा कि हमने पिच और परिस्थितियों का आकलन बहुत अच्छे से किया था. मैच में स्थिति के हिसाब से खेलना सबसे जरूरी होता है. टी20 क्रिकेट पूरा मोमेंटम यानी गति का खेल है. ऐसे में क्रीज पर सकारात्मक बने रहना और सही समय का इंतजार करना बेहद जरूरी था.
इंग्लिश गेंदबाजों से मिली कड़ी चुनौती
इंग्लैंड की गेंदबाजी के बारे में बात करते हुए जेमिमा ने माना कि शुरुआत में पिच से गेंदबाजों को मदद मिल रही थी. उन्होंने कहा कि मैच की शुरुआत में लॉरेन बेल की गेंदें स्विंग हो रही थीं. इंग्लैंड की आम पिचों के मुकाबले इस पिच पर गेंद थोड़ा रुककर आ रही थी. ऐसे में मैंने स्क्वायर ऑफ द विकेट यानी विकेट के दोनों तरफ कट और पुल शॉट खेलने पर ध्यान दिया जिससे मुझे काफी मदद मिली. जेमिमा ने आगे कहा कि मेरा गेम गैप ढूंढकर शॉट लगाने का है. मैं अपने स्वाभाविक खेल पर भरोसा करती हूं और अपनी अंतरात्मा की सुनती हूं.
भारतीय टीम की शानदार रिकवरी
टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही थी. स्टार ओपनर स्मृति मंधाना जल्दी पवेलियन लौट गईं. इसके बाद यास्तिका भाटिया और जेमिमा रोड्रिग्स ने मोर्चा संभाला. यास्तिका ने 40 गेंदों में 54 रनों की तेज तर्रार पारी खेली. वहीं जेमिमा ने 69 रन बनाकर पारी को आगे बढ़ाया. आखिरी ओवरों में दीप्ति शर्मा के उपयोगी योगदान की बदौलत भारत ने 7 विकेट पर 188 रनों का मजबूत स्कोर खड़ा किया. इंग्लैंड की तरफ से लॉरेन बेल ने सबसे ज्यादा तीन विकेट चटकाए.
गेंदबाजों ने पलटा मैच का पासा
189 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की टीम की शुरुआत बेहद खराब रही. हालांकि एमी जोन्स ने 48 गेंदों में 67 रनों की जुझारू पारी खेलकर इंग्लैंड को मैच में बनाए रखने की कोशिश की. उन्हें कप्तान हीथर नाइट का भी थोड़ा साथ मिला.
इसके बाद भारतीय गेंदबाजों ने मैच पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली. भारत की तरफ से नंदनी शर्मा ने घातक गेंदबाजी करते हुए 23 रन देकर 3 विकेट लिए और इंग्लैंड के मिडिल ऑर्डर को ध्वस्त कर दिया. क्रांति गौड़ ने शुरुआत में जरूरी विकेट निकाले जबकि दीप्ति शर्मा ने बीच के ओवरों में किफायती गेंदबाजी कर रन गति पर रोक लगाई. पूरी इंग्लिश टीम तय ओवरों में लक्ष्य से 38 रन पीछे रह गई. भारत ने इस मैच को अपनी मजबूत बल्लेबाजी गहरी गेंदबाजी और चुस्त फील्डिंग के दम पर अपने नाम किया.