वैंकूवर (कनाडा)।
फीफा विश्व कप 2026 में गंभीर चोट का शिकार हुए कनाडा के मिडफील्डर इस्माइल कोने के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हुए कतर फुटबॉल संघ ने सोशल मीडिया पर "गेट वेल सून" संदेश जारी किया है।24 वर्षीय कोने को कतर के खिलाफ ग्रुप-बी मुकाबले में चोट लगी थी, जिसके बाद उन्हें टूटी हुई बाईं टांग के इलाज के लिए सर्जरी करानी पड़ी। कनाडा सॉकर ने पुष्टि की है कि उनकी सर्जरी सफल रही है, लेकिन वह विश्व कप के बाकी मुकाबलों में हिस्सा नहीं ले पाएंगे।
कनाडा सॉकर ने अपने बयान में कहा, "इस्माइल कोने की निचले पैर की हड्डी के फ्रैक्चर की सफल सर्जरी की गई है। उनके पूरी तरह स्वस्थ होने की उम्मीद है, लेकिन वे फीफा विश्व कप 2026 के शेष मैचों से बाहर रहेंगे।"
कोने को यह चोट वैंकूवर के बीसी प्लेस स्टेडियम में खेले गए मुकाबले के 51वें मिनट में लगी, जब कतर के मिडफील्डर आसिम मदीबो ने पीछे से उन्हें टक्कर मारी। चोट इतनी गंभीर थी कि उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाना पड़ा।मैच के बाद कनाडा के मुख्य कोच जेसी मार्श ने बताया कि जब मेडिकल टीम उनके पास पहुंची, तब तक उन्हें दर्द कम करने और शांत रखने के लिए दवाएं दी जा चुकी थीं।
सर्जरी के बाद कोने ने सोशल मीडिया पर भावुक संदेश साझा करते हुए प्रशंसकों, साथियों और समर्थकों का धन्यवाद किया। उन्होंने लिखा, "आप सभी का प्यार और समर्थन मुझे महसूस हुआ। मैं उन सभी लोगों का आभारी हूं जिन्होंने मेरे लिए दुआ की।"
उन्होंने अपने साथियों के लिए लिखा, "मैं आप सभी से दिल की गहराइयों से प्यार करता हूं। हमारा भाईचारा मेरे लिए सब कुछ है। आपने जो मेरे लिए किया, उसे मैं कभी नहीं भूलूंगा। मैं जल्द वापसी करूंगा और हम फिर नई यादें बनाएंगे।"घटना के बाद मैदान पर मौजूद खिलाड़ी और दर्शक स्तब्ध रह गए थे। मेडिकल टीम ने कोने की टांग को विशेष सपोर्ट सिस्टम में स्थिर कर स्ट्रेचर के जरिए मैदान से बाहर पहुंचाया।
वीएआर समीक्षा के बाद कतर के खिलाड़ी आसिम मदीबो को खतरनाक खेल के लिए सीधा लाल कार्ड दिखाया गया। इससे पहले कतर के होमाम अल अमीन भी बाहर भेजे जा चुके थे, जिसके चलते टीम नौ खिलाड़ियों के साथ खेलने पर मजबूर हो गई।
हालांकि इस घटना के बावजूद कनाडा ने शानदार प्रदर्शन करते हुए कतर को 6-0 से हराया और विश्व कप इतिहास में अपनी पहली जीत दर्ज की। कनाडा के स्टार खिलाड़ी जोनाथन डेविड ने हैट्रिक लगाकर इतिहास रचा, जबकि साइल लारिन ने शुरुआती गोल किया। टीम को कतर के एक आत्मघाती गोल का भी फायदा मिला।मैच में कोने की चोट सबसे बड़ी चर्चा का विषय रही, लेकिन कनाडा की ऐतिहासिक जीत ने भी फुटबॉल जगत का ध्यान अपनी ओर खींचा।