आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने मंगलवार को कहा कि भारत की 2036 के ओलंपिक खेलों की मेजबानी करने की इच्छा को ध्यान में रखते हुए भविष्य के ओलंपिक खेलों की सूची में योगासन को शामिल करने के लिए जोर दिया जाएगा। यह खेल चार से आठ जून तक अहमदाबाद में पहली विश्व चैंपियनशिप के साथ विश्व स्तर पर अपनी पहचान बनाने के लिए तैयार है।
इस विश्व चैंपियनशिप में 60 से अधिक देशों के 529 खिलाड़ी हिस्सा लेंगे जिनमें से 114 भारतीय योगासन खिलाड़ी भी शामिल हैं। भारतीय टीम का चयन ट्रायल के बाद किया गया था और अभी वह अहमदाबाद के वीर सावरकर खेल परिसर में ट्रेनिंग शिविर में हिस्सा ले रही है।
मांडविया ने यहां विश्व योगासान चैंपियनशिप की शुरुआत के मौके पर एक कार्यक्रम में कहा, ‘‘योगासन 2030 में अहमदाबाद में होने वाले राष्ट्रमंडल खेलों में पारंपरिक खेलों में से एक होगा... हम 2036 में ओलंपिक खेलों की मेजबानी के लिए दावेदारी कर रहे हैं और जब ऐसा होगा तो हमारा खेल भी उस सूची में होना चाहिए। भारत सरकार और राष्ट्रीय महासंघ (योगासन भारत) दोनों ही यह सुनिश्चित करने की कोशिश कर रहे हैं कि उस समय तक योग एक ओलंपिक खेल बन जाए।’’
खेल मंत्री ने कहा, ‘‘प्रक्रिया यह है कि एक अंतरराष्ट्रीय महासंघ बनने के लिए आपके पास 75 देशों के हस्ताक्षरकर्ता होने चाहिए जिसके बाद किसी खेल को ओलंपिक में शामिल करने के लिए अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति से अपील की जा सकती है।’’