पश्चिम बंगाल के डोमकल सीट से आगे चल रहे मुस्तफिजुर रहमान कौन हैं ?

Story by  आवाज़ द वॉयस | Published by  [email protected] | Date 04-05-2026
Who is Mustafizur Rahman, who is leading from the Domkal seat in West Bengal?
Who is Mustafizur Rahman, who is leading from the Domkal seat in West Bengal?

 

आवाज द वाॅयस /नई दिल्ली

पांच राज्यों में चल रही मतगणना के बीच पश्चिम बंगाल की डोमकल विधानसभा सीट लगातार सुर्खियों में बनी हुई है। शुरुआती रुझानों में यहां सीपीएम उम्मीदवार मुस्तफिजुर रहमान आगे चल रहे हैं। मतगणना केंद्रों से जैसे जैसे आंकड़े सामने आ रहे हैं, इस सीट पर मुकाबला और साफ होता जा रहा है।

डोमकल सीट मुर्शिदाबाद जिले में आती है। यह इलाका ग्रामीण है और यहां की राजनीति लंबे समय से काफी सक्रिय रही है। इस बार भी कई दलों और निर्दलीय उम्मीदवारों के बीच कड़ा मुकाबला देखा जा रहा है। कुल 13 उम्मीदवार मैदान में हैं। इनमें टीएमसी के हमायुन कबीर, बीजेपी के नंदादुलाल पाल, कांग्रेस की बेगम सहनाज और सीपीएम के मुस्तफिजुर रहमान प्रमुख नाम हैं।

इसके अलावा कई छोटे दलों और निर्दलीय उम्मीदवारों ने भी इस सीट पर अपनी किस्मत आजमाई है। लेकिन शुरुआती रुझानों में सीपीएम के मुस्तफिजुर रहमान आगे निकलते दिख रहे हैं।

2021 के चुनाव में इस सीट पर टीएमसी के जाफिकुल इस्लाम ने जीत दर्ज की थी। उन्होंने सीपीएम के मुस्तफिजुर रहमान को बड़े अंतर से हराया था। उस समय जीत का अंतर 47 हजार से ज्यादा वोटों का था। लेकिन इस बार तस्वीर थोड़ी अलग नजर आ रही है।

डोमकल में मतदान प्रतिशत भी काफी ज्यादा रहा है। इस बार लगभग 96.43 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। 2021 में यह आंकड़ा 84.63 प्रतिशत था। इससे साफ है कि इस बार लोगों में वोटिंग को लेकर ज्यादा उत्साह देखने को मिला।

मुस्तफिजुर रहमान सीपीएम के उम्मीदवार हैं। वे सामाजिक कार्यकर्ता के रूप में भी जाने जाते हैं। उनकी शैक्षणिक योग्यता पोस्ट ग्रेजुएट है। उन्होंने अपने हलफनामे में सामाजिक कार्य को अपना पेशा बताया है। उनकी संपत्ति लगभग 3.5 करोड़ रुपये बताई गई है। उनके ऊपर कुछ आपराधिक मामले भी दर्ज हैं, जिनमें गंभीर धाराएं शामिल हैं।

डोमकल सीट पर चुनाव हमेशा दिलचस्प रहा है। यहां मतदाताओं का रुझान समय के साथ बदलता रहता है। स्थानीय मुद्दे जैसे रोजगार, शिक्षा और बुनियादी सुविधाएं यहां के चुनावी फैसले को प्रभावित करते हैं।

इस बार मुकाबला और भी पेचीदा माना जा रहा था क्योंकि कई दल एक साथ मैदान में थे। लेकिन शुरुआती रुझानों ने सीपीएम को बढ़त दिलाई है। अब सभी की नजरें अंतिम नतीजों पर टिकी हैं।

मतगणना आगे बढ़ने के साथ तस्वीर और साफ होगी। क्या मुस्तफिजुर रहमान इस बढ़त को जीत में बदल पाएंगे या फिर कोई नया मोड़ आएगा, इसका जवाब कुछ ही घंटों में मिल जाएगा।