आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) की तुलना ‘‘गैस चैंबर’’ से करते हुए शनिवार को कहा कि राज्य में तेजी से विकास हो रहा है, इसके बावजूद ‘‘घुटन भरा माहौल’’ नहीं है।
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कैम्पियरगंज में बनने जा रहे प्रदेश के पहले वानिकी एवं उद्यान विज्ञान विश्वविद्यालय (फॉरेस्ट्री एंड हॉर्टिकल्चर यूनिवर्सिटी) की डिग्री नौजवानों के लिए नौकरी की गारंटी होगी।
गोरखपुर में आयोजित एक कार्यक्रम में आदित्यनाथ ने कहा कि आज दुनिया के सामने सबसे बड़ी चुनौती पर्यावरण नुकसान की है।
उन्होंने कहा, ‘‘आप देखिए यहां का पर्यावरण कितना अच्छा है, कोई प्रदूषण नहीं है। अगर प्रदूषण नहीं है, तो कोई बीमारी भी नहीं है। जब भी प्रदूषण होगा, तो यह फेफड़ों को भी नुकसान पहुंचाएगा। अगर ऑक्सीजन आपूर्ति करने वाली मशीन खराब हो जाती है, तो पूरा शरीर खराब हो जाएगा।’’
मुख्यमंत्री ने गोरखपुर के विकास खंड जंगल कौड़िया में पुन: निर्मित विकास अधिकारी कार्यालय के उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए दिल्ली में वायु की गुणवत्ता की ओर ध्यान दिलाया।