आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
अहमदाबाद स्थित प्रौद्योगिकी कंपनी पीयरसाइट ने बृहस्पतिवार को जंगलों के भीतर निगरानी और सभी मौसम में काम करने में सक्षम हवाई सिंथेटिक एपर्चर रडार (एसएआर) पेलोड ‘विदुर’ पेश किया।
एसएआर एक ऐसी रडार प्रणाली है जिसे उपग्रह, ड्रोन या विमान पर स्थापित किया जा सकता है। यह उन परिस्थितियों में भी निगरानी करने में सक्षम है, जहां सामान्य और पारंपरिक निगरानी प्रणालियां प्रभावी नहीं रहतीं।
कंपनी ने एक बयान में कहा कि उसका नया एसएआर पेलोड ‘विदुर’ रक्षा क्षेत्र के उपयोगकर्ताओं को ध्यान में रखकर विकसित किया गया है। इसकी घने जंगलों की पत्तियों और वनस्पति के आर-पार देखने की क्षमता छिपी हुई संरचनाओं तथा गतिविधियों का पता लगाने में मदद करती है।
यह कंपनी की दूसरी एसएआर प्रणाली है। इससे पहले कंपनी ने समुद्री निगरानी उपग्रह ‘वरुण’ विकसित किया था।
पीयरसाइट के संस्थापक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) गौरव सेठ ने कहा, ‘‘जब हमने ‘वरुण’ विकसित किया, तब हमने केवल एक उपग्रह नहीं बनाया बल्कि एक ऐसी टीम और बौद्धिक संपदा (आईपी) का निर्माण किया जिसे किसी भी एसएआर मिशन के अनुरूप ढाला जा सकता है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘‘विदुर’ उसी कार्य का प्रत्यक्ष परिणाम है। वही इंजीनियर और वही मूल प्रौद्योगिकी..., लेकिन इसे पूरी तरह अलग परिचालन वातावरण के लिए पुनः डिजाइन किया गया है।’’
कंपनी के अनुसार, नए एसएआर पेलोड को विभिन्न प्रकार के मानवरहित हवाई वाहन (यूएवी) प्लेटफॉर्म पर लगाया जा सकता है। इससे रक्षा कर्मियों को किसी विशेष प्लेटफॉर्म पर निर्भर हुए बिना त्वरित तैनाती की सुविधा मिलेगी।