भारतीय नौसेना के दबाव में बंदरगाहों में दुबकी पाक सेना: रक्षा मंत्री

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 30-05-2026
Pak Army hiding in ports under pressure from Indian Navy: Defence Minister
Pak Army hiding in ports under pressure from Indian Navy: Defence Minister

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली 

 
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने समुद्री मार्गों की सुरक्षा को ही दुनिया की शांति और समृद्धि की ‘चाभी’ बताते हुए शनिवार को कहा कि आपरेशन सिंदूर के दौरान भारतीय नौसेना (नेवी) ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभायी थी और उसने पाकिस्तान के मन में लगातार भय बना दुश्मन देश की नौसेना को उसके बंदरगाहों में ‘दुबक कर’ बैठने को मजबूर कर दिया।
 
रक्षा मंत्री ने लखनऊ में नौसेना शौर्य वाटिका का लोकार्पण करने के बाद अपने संबोधन में रूस-युक्रेन युद्ध और पश्चिम एशिया में जारी लड़ाई का जिक्र करते हुए कहा, “हर तरफ इस समय उथल-पुथल मची हुई है और यह हमें संदेश दे रही है कि दुनिया की शांति और समृद्धि की चाभी नौवहन मार्गों की सुरक्षा में ही है। समुद्र में आपकी उपस्थिति एक तरह से ताकत का ही प्रतीक होती है।”
 
पिछले साल अप्रैल में जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में पर्यटकों पर हुए आतंकवादी हमले को एक उदाहरण के तौर पर पेश करते हुए उन्होंने कहा, “पिछले साल पहलगाम में एक कायरतापूर्ण आतंकवादी हमला हुआ था। आतंकवादियों ने धर्म पूछकर हमारे निर्दोष लोगों की हत्या कर दी थी, उसके बाद पूरे देश का खून खौल उठा था और फिर हमारी सेनाओं ने मिलकर ऑपरेशन सिंदूर को अंजाम दिया और सटीक हमले करके पाकिस्तान में स्थित आतंकी ढांचे को पूरी तरह से तबाह कर दिया था।”
 
रक्षा मंत्री ने कहा, “आपरेशन सिंदूर में सेना और वायु सेना ने तो अपनी भूमिका निभाई थी लेकिन जो जिम्मेदारी हमारी नौसेना ने निभाई, वह भी बहुत महत्वपूर्ण थी। उस समय हमारी नौसेना पूरी ताकत से अरब सागर में पहुंची थी। हमारे नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश त्रिपाठी बार-बार कहते थे कि हमें कब अवसर मिलेगा कि हम भी पाकिस्तान को सबक सिखा सकें। मेरी भी इच्छा होती थी कि यह अवसर काश उसे मिल जाता तो नौसेना क्या होती है, यह पूरा हिंदुस्तान समझ जाता।”
 
उन्होंने कहा कि भारतीय नौसेना ने दुश्मन के मन में लगातार भय बनाए रखा और इसी का नतीजा है कि पाकिस्तान की पूरी नौसेना डरकर अपने बंदरगाहों में ‘दुबक कर’ बैठ गई।