J&K: LG मनोज सिन्हा ने चिनार बुक फेस्टिवल में रीडिंग मैराथन को हरी झंडी दिखाई

Story by  आवाज़ द वॉयस | Published by  onikamaheshwari | Date 25-07-2026
J&K: LG Manoj Sinha flags off Reading Marathon at Chinar Book Festival
J&K: LG Manoj Sinha flags off Reading Marathon at Chinar Book Festival

 

श्रीनगर (जम्मू और कश्मीर)

जम्मू और कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने शनिवार को डल झील के किनारे 'चिनार बुक फेस्टिवल' के तहत आयोजित 'रीडिंग मैराथन' को हरी झंडी दिखाई। इस अनोखे कार्यक्रम में केंद्र शासित प्रदेश के कॉलेजों और विश्वविद्यालयों के हज़ारों छात्रों ने हिस्सा लिया, जिसका मकसद पढ़ने की आदत, फिटनेस और पर्यावरण के प्रति जागरूकता को बढ़ावा देना था। नेशनल बुक ट्रस्ट द्वारा आयोजित यह मैराथन, 'चिनार बुक फेस्टिवल' और 'शिक्षा सप्ताह' (Education Week) के जश्न का हिस्सा थी, जो राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के छह साल पूरे होने के उपलक्ष्य में मनाया जा रहा है।
 
प्रतिभागियों ने ऐसे बैनर और प्लेकार्ड उठाए हुए थे जिन पर "नशीली दवाओं को ना कहें, किताबों को हाँ कहें" जैसे संदेश लिखे थे, जो युवाओं में पढ़ने की आदत को बढ़ावा देने के अभियान के फोकस को उजागर करते थे। इस कार्यक्रम की तस्वीरें X पर शेयर करते हुए सिन्हा ने कहा कि इस पहल ने शिक्षा को शारीरिक फिटनेस के साथ जोड़ा और साथ ही युवाओं को प्रकृति की रक्षा की ज़िम्मेदारी लेने के लिए प्रोत्साहित किया।
 
उन्होंने X पर लिखा, "आज डल झील के किनारे 'रीडिंग मैराथन' को हरी झंडी दिखाई, जो ज्ञान, फिटनेस और प्रकृति के प्रति ज़िम्मेदारी का एक अनोखा उत्सव है। 'चिनार बुक फेस्टिवल' के तहत नेशनल बुक ट्रस्ट द्वारा आयोजित इस प्रेरणादायक कार्यक्रम में जम्मू और कश्मीर के कॉलेजों और विश्वविद्यालयों के हज़ारों युवा पाठकों और धावकों ने हिस्सा लिया। 'शिक्षा सप्ताह' का हिस्सा रही यह 'रीडिंग मैराथन' राष्ट्रीय शिक्षा नीति के छह सफल वर्षों का प्रतीक है। यह दिखाता है कि शिक्षा को क्लासरूम से आगे बढ़ना चाहिए। 'हरे-भरे भविष्य के लिए दौड़' (Run for a Green Future) के आदर्श वाक्य के साथ, यह रीडिंग मैराथन हमें याद दिलाती है कि जिस तरह ज्ञान के लिए अनुशासन की ज़रूरत होती है, उसी तरह प्रकृति माँ की रक्षा के लिए लगातार प्रयासों की आवश्यकता होती है। मैं हर प्रतिभागी से तीन संकल्प लेने का आग्रह करता हूँ -- पढ़ने को रोज़ाना की आदत बनाना, पर्यावरण संरक्षण के लिए खुद को समर्पित करना और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का संकल्प लेना।"
 
इस कार्यक्रम में छात्रों और युवा पाठकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। वे साक्षरता, पर्यावरण संरक्षण और नशा-मुक्त समाज को बढ़ावा देने वाले संदेशों के साथ खूबसूरत डल झील के किनारे दौड़े। 'रीडिंग मैराथन' का आयोजन "हरे-भरे भविष्य के लिए दौड़" (Run for a Green Future) थीम के साथ किया गया था। इसमें खेल और फिटनेस को पढ़ने की आदत को बढ़ावा देने, पर्यावरण संरक्षण के बारे में जागरूकता बढ़ाने और युवाओं में सामाजिक ज़िम्मेदारी की भावना जगाने जैसे व्यापक उद्देश्यों के साथ जोड़ा गया था।
'चिनार बुक फेस्टिवल' का आयोजन नेशनल बुक ट्रस्ट द्वारा जम्मू और कश्मीर में पढ़ने और सीखने की संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए किया जा रहा है, और 'रीडिंग मैराथन' इस साल इसके प्रमुख जन-भागीदारी कार्यक्रमों में से एक के रूप में उभरी है।