आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
भारत समेत 14 देशों ने बाजार को प्रभावित करने वाले अत्यधिक औद्योगिक उत्पादन पर अंकुश लगाने के लिए समन्वित वैश्विक कार्रवाई का आह्वान किया है।
इन देशों ने कहा कि अतिरिक्त उत्पादन से घरेलू उद्योगों को नुकसान पहुंचता है और आपूर्ति तथा मांग के बीच असंतुलन पैदा होता है।
इन देशों ने बुधवार को वाशिंगटन में आर्थिक सहयोग एवं विकास संगठन (ओईसीडी) की व्यापार समिति की बैठक से इतर हुई बैठक के बाद एक संयुक्त बयान जारी किया।
संयुक्त बयान में कहा गया, ‘‘हम सभी देशों से अपनी अर्थव्यवस्थाओं में संरचनात्मक अतिरिक्त क्षमता और उत्पादन को खत्म करने के लिए कदम उठाने का आह्वान करते हैं। इसमें बाजार को प्रभावित करने वाली और इस समस्या को बढ़ाने वाली गैर-बाजार नीतियों एवं प्रक्रियाओं का इस्तेमाल समाप्त करना भी शामिल है।’’
अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि कार्यालय (यूएसटीआर) ने कहा कि मिलवॉकी में जी20 व्यापार मंत्रिस्तरीय बैठक में हुई चर्चा को आगे बढ़ाते हुए इन अर्थव्यवस्थाओं ने अमेरिका के साथ एक संयुक्त मंत्रिस्तरीय बयान पर हस्ताक्षर किए हैं। इसके तहत कई प्रमुख संबंधित क्षेत्रों में संरचनात्मक अतिरिक्त क्षमता और उत्पादन की समीक्षा करने तथा उसके खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करने के लिए नए समर्पित क्षेत्रीय मंचों के जरिये मिलकर काम किया जाएगा।