रांची
झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन इस माह स्विट्ज़रलैंड के दावोस में होने वाली विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) की वार्षिक बैठक में पहली बार भाग लेंगे। इसके बाद, वह ब्रिटेन भी जाएंगे, जहां वह वैश्विक साझेदारियों को और मजबूत करेंगे।
दावोस बैठक में भागीदारी
18 से 24 जनवरी तक आयोजित होने वाली डब्ल्यूईएफ बैठक में हेमंत सोरेन झारखंड राज्य के प्रतिनिधि के तौर पर शामिल होंगे। इस बैठक के दौरान, वे 'प्रकृति के साथ सामंजस्य में वृद्धि' विषय पर संवाद करेंगे, जो इस साल के डब्ल्यूईएफ के टिकाऊ विकास और दीर्घकालिक आर्थिक बदलाव पर केंद्रित है।
ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय में विशेष व्याख्यान
दावोस में डब्ल्यूईएफ बैठक के बाद, मुख्यमंत्री सोरेन ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय के ब्लावातनिक स्कूल ऑफ गवर्नमेंट में विशेष व्याख्यान देंगे। इस व्याख्यान में वह सार्वजनिक नीति पर विचार साझा करेंगे और प्रश्नोत्तर सत्र में भी भाग लेंगे। यह उल्लेखनीय है कि सोरेन भारत के पहले मुख्यमंत्री होंगे, जो इस प्रतिष्ठित सार्वजनिक नीति संस्थान को संबोधित करेंगे।
झारखंड की वैश्विक मंच पर उपस्थिति
यह यात्रा झारखंड राज्य के गठन के 25 वर्ष पूरे होने के साथ हो रही है और राज्य की डब्ल्यूईएफ में यह पहली आधिकारिक भागीदारी है। इस यात्रा का उद्देश्य झारखंड की वैश्विक मंचों पर उपस्थिति को मजबूत करना और राज्य की दीर्घकालिक विकास यात्रा को आगे बढ़ाना है।
ब्रिटेन यात्रा और निवेश प्रोत्साहन
दावोस के बाद, हेमंत सोरेन और उनका प्रतिनिधिमंडल ब्रिटेन के लंदन और ऑक्सफोर्ड जैसे शहरों का दौरा करेंगे। इस दौरान, वे निवेश, नीति सहयोग, शैक्षिक साझेदारी और कौशल विकास पर ध्यान केंद्रित करेंगे। यह यात्रा झारखंड की वैश्विक दृश्यता बढ़ाने और राज्य में औद्योगिक विकास, रोजगार सृजन तथा टिकाऊ आर्थिक वृद्धि को समर्थन देने का लक्ष्य रखती है।
अन्य राज्य प्रतिनिधियों की उपस्थिति
डब्ल्यूईएफ की बैठक में केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव, शिवराज सिंह चौहान और प्रल्हाद जोशी सहित कई राज्यों के मुख्यमंत्री और 100 से अधिक भारतीय कंपनियों के शीर्ष अधिकारी भी भाग लेंगे।