मेरठ नौचंदी मेले में मंदिर परिसर में मांस पकाने का आरोप, मामला दर्ज

Story by  एटीवी | Published by  [email protected] | Date 29-05-2026
Allegations of Cooking Meat Within Temple Premises at Meerut's Nauchandi Fair; Case Registered
Allegations of Cooking Meat Within Temple Premises at Meerut's Nauchandi Fair; Case Registered

 

मेरठ:

उत्तर प्रदेश के मेरठ में आयोजित प्रसिद्ध नौचंदी मेले के दौरान मंदिर परिसर में कथित रूप से मांस पकाने के मामले ने विवाद खड़ा कर दिया है। पुलिस ने शिकायत मिलने के बाद मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस के अनुसार, 28 मई को डायल 112 के माध्यम से सूचना मिली थी कि नौचंदी थाना क्षेत्र में स्थित मेले के मंदिर परिसर के अंदर कुछ लोग मांस पकाकर भोजन तैयार कर रहे हैं। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की।

सिविल लाइंस क्षेत्र की क्षेत्राधिकारी (सीओ) सुचित्रा ने बताया कि पुलिस को मंदिर परिसर में मांस पकाए जाने की शिकायत प्राप्त हुई थी। शिकायत के आधार पर आवश्यक कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है और मामला दर्ज करने की कार्रवाई की जा रही है।

सीओ सुचित्रा ने कहा, “28 मई 2026 को डायल 112 के माध्यम से सूचना प्राप्त हुई कि नौचंदी मेले के मंदिर परिसर में झूले संचालित करने वाले कुछ व्यक्तियों ने अपने भोजन के लिए मांस पकाया है। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची। हमें इस संबंध में औपचारिक शिकायत प्राप्त हुई है और मामला दर्ज करने की प्रक्रिया जारी है। जांच पूरी होने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।”

पुलिस अधिकारियों ने पुष्टि की है कि मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है और सभी तथ्यों की जांच की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि कथित घटना वास्तव में हुई थी या नहीं तथा इसमें शामिल लोगों की भूमिका क्या थी। जांच के दौरान जुटाए गए साक्ष्यों और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

इस घटना के सामने आने के बाद स्थानीय स्तर पर चर्चा तेज हो गई है। नौचंदी मेला मेरठ का एक ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व वाला आयोजन माना जाता है, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक शामिल होते हैं। ऐसे में मंदिर परिसर से जुड़ी किसी भी विवादित घटना को लेकर लोगों की संवेदनाएं स्वाभाविक रूप से जुड़ जाती हैं।

गौरतलब है कि इसी प्रकार का एक विवाद इसी वर्ष फरवरी में कर्नाटक के बल्लारी जिले में भी सामने आया था। वहां नागलाकेरी क्षेत्र स्थित अंजनेय स्वामी मंदिर परिसर में कथित रूप से मांस से भरा एक बैग मिलने का मामला सामने आया था। इस घटना के बाद श्रद्धालुओं में भारी नाराजगी देखने को मिली थी और पुलिस को जांच शुरू करनी पड़ी थी।

बल्लारी मामले में मंदिर के पुजारियों और विभिन्न हिंदू संगठनों ने आरोप लगाया था कि कुछ शरारती तत्वों ने जानबूझकर धार्मिक भावनाओं को आहत करने के उद्देश्य से यह कृत्य किया है। भारतीय जनता पार्टी के नेताओं ने भी मामले की निष्पक्ष और विस्तृत जांच की मांग की थी। स्थानीय लोगों ने धार्मिक स्थलों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी चिंता व्यक्त की थी।

मेरठ की वर्तमान घटना में भी पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले तथ्यों की पूरी तरह पड़ताल की जाएगी और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।