कोलकाता और दक्षिण बंगाल में बादलों की गरज के साथ भारी बारिश

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 29-05-2026
Heavy rain accompanied by thunderstorms lashes Kolkata and South Bengal
Heavy rain accompanied by thunderstorms lashes Kolkata and South Bengal

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली 

 
कोलकाता और दक्षिण बंगाल के कई जिलों में शुक्रवार दोपहर बादलों की गरज तथा बिजली की चमक के साथ हुई मूसलाधार बारिश और तेज हवाओं ने मौसम का मिजाज बदल दिया, जिससे लोगों को उमस भरी गर्मी से बड़ी राहत मिली।

कोलकाता और आसपास के इलाकों में सुबह से ही काले बादल छाए हुए थे। सॉल्ट लेक, एस्प्लेनेड, जादवपुर और बारानगर सहित शहर के कई हिस्सों में भारी बारिश हुई। 50-60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाओं ने महानगर को बुरी तरह प्रभावित किया।
 
पड़ोसी हावड़ा और हुगली जिलों से भी इसी तरह के मौसम की सूचना मिली।
 
कुछ इलाकों में हवा इतनी तीव्र थी कि धूल उड़ने की वजह से दृश्यता बेहद कम हो गई, जिसके चलते दोपहर के समय वाहन चालकों को हेडलाइट चालू करनी पड़ी।
 
अधिकारियों ने बताया कि तेज हवाओं के कारण कई होर्डिंग और बैनर क्षतिग्रस्त हो गए।
 
अलीपुर स्थित भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र ने कहा कि अनुकूल वायु तंत्र और बंगाल की खाड़ी से आने वाली भारी नमी के कारण अगले दो दिनों के दौरान दक्षिण बंगाल में बादलों की गरज तथा बिजली की चमक के साथ बारिश की संभावना है।
 
मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने पश्चिम बंगाल और उत्तरी ओडिशा के तटों के आसपास समुद्र में मछली पकड़ने के लिए जाने वाले मछुआरों को भी आगाह किया है कि शुक्रवार तक इस क्षेत्र में 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने की संभावना है, जिनकी गति 60 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
 
अधिकारियों ने लोगों को सलाह दी है कि वे आंधी-तूफान के दौरान घर के अंदर ही रहें और पेड़ों के नीचे या कमजोर इमारतों के पास शरण लेने से बचें।
 
कोलकाता और आसपास के इलाकों में सुबह से ही काले बादल छाए हुए थे। सॉल्ट लेक, एस्प्लेनेड, जादवपुर और बारानगर सहित शहर के कई हिस्सों में भारी बारिश हुई। 50-60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाओं ने महानगर को बुरी तरह प्रभावित किया।
 
पड़ोसी हावड़ा और हुगली जिलों से भी इसी तरह के मौसम की सूचना मिली।
 
कुछ इलाकों में हवा इतनी तीव्र थी कि धूल उड़ने की वजह से दृश्यता बेहद कम हो गई, जिसके चलते दोपहर के समय वाहन चालकों को हेडलाइट चालू करनी पड़ी।
 
अधिकारियों ने बताया कि तेज हवाओं के कारण कई होर्डिंग और बैनर क्षतिग्रस्त हो गए।
 
अलीपुर स्थित भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र ने कहा कि अनुकूल वायु तंत्र और बंगाल की खाड़ी से आने वाली भारी नमी के कारण अगले दो दिनों के दौरान दक्षिण बंगाल में बादलों की गरज तथा बिजली की चमक के साथ बारिश की संभावना है।
 
मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने पश्चिम बंगाल और उत्तरी ओडिशा के तटों के आसपास समुद्र में मछली पकड़ने के लिए जाने वाले मछुआरों को भी आगाह किया है कि शुक्रवार तक इस क्षेत्र में 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने की संभावना है, जिनकी गति 60 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
 
अधिकारियों ने लोगों को सलाह दी है कि वे आंधी-तूफान के दौरान घर के अंदर ही रहें और पेड़ों के नीचे या कमजोर इमारतों के पास शरण लेने से बचें।