Prasuchi Panda Crowned Miss Teen Universe India 2026
भुवनेश्वर।
मिस टीन यूनिवर्स इंडिया 2026 का खिताब जीतने के बाद पहली बार ओडिशा की राजधानी भुवनेश्वर पहुंचीं प्रासुची पांडा का भव्य स्वागत किया गया। 20 जुलाई को राष्ट्रीय स्तर की इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता का ताज जीतने वाली प्रासुची के सम्मान में शहर के एक होटल में भव्य अभिनंदन समारोह आयोजित किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में समर्थक, गणमान्य लोग और विभिन्न क्षेत्रों की हस्तियां शामिल हुईं।
इस अवसर पर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस भी आयोजित की गई, जहां प्रासुची पांडा ने मीडिया से बातचीत की और अपने भविष्य की योजनाओं, उपलब्धि तथा अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता की तैयारियों पर विस्तार से चर्चा की।
'यह मेरे लिए बेहद भावुक पल है'
समाचार एजेंसी एएनआई से बातचीत में प्रासुची पांडा ने कहा कि मिस टीन यूनिवर्स इंडिया 2026 का खिताब जीतने के बाद पहली बार भुवनेश्वर लौटना उनके लिए बेहद भावुक क्षण है।
उन्होंने कहा, "भारत का प्रतिनिधित्व करना मेरे लिए सम्मान के साथ-साथ एक बड़ी जिम्मेदारी भी है। यह मेरी यात्रा की सिर्फ शुरुआत है। मुझे अपने माता-पिता, अपने राज्य ओडिशा और पूरे देश का नाम रोशन करने के लिए अभी और अधिक मेहनत करनी होगी।"
प्रासुची ने कहा कि देशभर से मिले प्यार और समर्थन ने उनका आत्मविश्वास कई गुना बढ़ा दिया है। उन्होंने कहा कि भारत का प्रतिनिधित्व करना उनका बचपन का सपना रहा है और अब उनका पूरा ध्यान अंतरराष्ट्रीय मंच पर देश के लिए सर्वोत्तम प्रदर्शन करने पर होगा।
अंतरराष्ट्रीय मंच पर करेंगी भारत का प्रतिनिधित्व
मिस टीन यूनिवर्स इंडिया 2026 का खिताब जीतने के बाद अब प्रासुची पांडा अगले वर्ष आयोजित होने वाली मिस टीन यूनिवर्स इंटरनेशनल प्रतियोगिता में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी। यह प्रतियोगिता दुनिया की सबसे प्रतिष्ठित किशोर सौंदर्य प्रतियोगिताओं में से एक मानी जाती है।
प्रासुची ने विश्वास जताया कि वह पूरी मेहनत और समर्पण के साथ तैयारी करेंगी और अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत के लिए मिस टीन यूनिवर्स का ताज जीतने का प्रयास करेंगी।
ओडिशा के गंजाम जिले से है संबंध
प्रासुची पांडा ओडिशा के गंजाम जिले के ब्रह्मपुर (बेहरामपुर) स्थित हिलपटना क्षेत्र की रहने वाली हैं। उनके पिता का नाम धरणीधर पांडा और माता का नाम स्वप्ना रानी पांडा है।
परिवार के सहयोग और प्रोत्साहन के बीच पढ़ाई के दौरान ही उनकी रुचि मॉडलिंग की ओर बढ़ी। अपने सपनों को साकार करने के लिए उन्होंने दिल्ली का रुख किया, जहां उन्होंने पेशेवर प्रशिक्षण लेकर मॉडलिंग के क्षेत्र में अपनी पहचान बनानी शुरू की।
चार साल की उम्र से शुरू किया प्रशिक्षण
प्रासुची की सफलता के पीछे वर्षों की मेहनत और अनुशासन छिपा है। उन्होंने मात्र चार वर्ष की उम्र से ही प्रशिक्षण लेना शुरू कर दिया था। लगातार अभ्यास और समर्पण के दम पर उन्होंने वर्ष 2026 में पेशेवर रैंप पर अपना पहला डेब्यू किया।
कम समय में ही उन्होंने फैशन और मॉडलिंग की दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाई और अब उनकी इसी लगन ने उन्हें मिस टीन यूनिवर्स इंडिया 2026 का प्रतिष्ठित ताज दिलाया है।
युवाओं के लिए बनीं प्रेरणा
सम्मान समारोह में मौजूद लोगों ने प्रासुची की उपलब्धि को ओडिशा और देश के लिए गर्व का क्षण बताया। वक्ताओं ने कहा कि उन्होंने यह साबित कर दिया है कि दृढ़ संकल्प, मेहनत और आत्मविश्वास के बल पर किसी भी लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है।
प्रासुची ने युवाओं को संदेश देते हुए कहा कि यदि किसी के पास स्पष्ट लक्ष्य और उसे पाने का जुनून हो, तो कोई भी सपना असंभव नहीं होता। उन्होंने कहा कि वह अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता, प्रशिक्षकों और उन सभी लोगों को देती हैं जिन्होंने हर कदम पर उनका साथ दिया।
अब देश की निगाहें अगले वर्ष होने वाली मिस टीन यूनिवर्स इंटरनेशनल प्रतियोगिता पर टिकी हैं, जहां प्रासुची पांडा भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए वैश्विक मंच पर देश का गौरव बढ़ाने का प्रयास करेंगी।