Why do some children become seriously ill with Covid? The answer may lie in their genes.
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
कोविड का कारण बनने वाले वायरस ‘सार्स-सीओवी-2’ से संक्रमित अधिकांश बच्चों में हल्के लक्षण दिखाई देते हैं या उनमें कोई लक्षण नहीं होता। लेकिन कुछ बच्चों में संक्रमण गंभीर रूप ले लेता है और कभी-कभी उन्हें अस्पताल में भर्ती कराने की जरूरत भी पड़ती है।
अब तक यह स्पष्ट नहीं था कि कुछ ही बच्चों में संक्रमण गंभीर क्यों हो जाता है। लेकिन हमारे हालिया अध्ययन से कोविड जैसी गंभीर श्वसन संबंधी बीमारियों के दौरान शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली की प्रतिक्रिया को लेकर नयी जानकारियां सामने आई हैं।
हमारे अध्ययन में दक्षिण अफ्रीका के 333 ऐसे बच्चों के रक्त में जीन की सक्रियता से जुड़े आंकड़ों का विश्लेषण किया गया, जिनकी आनुवंशिक पृष्ठभूमि एक जैसी थी। जीन की सक्रियता का अध्ययन एक साथ हजारों जीन की गतिविधियों को मापता है। इसके विश्लेषण से पता लगाया जा सकता है कि संक्रमण के जवाब में कौन-से जीन सक्रिय हुए और कौन-से निष्क्रिय हो गए।
इन बच्चों में से 127 को स्वस्थ माना गया, 71 में कोविड के हल्के लक्षण थे या कोई लक्षण नहीं था, जबकि 41 को गंभीर कोविड के कारण अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इसके अलावा, 47 बच्चे श्वसन तंत्र को प्रभावित करने वाले ‘रेस्पिरेटरी सिंसिशियल वायरस’ (आरएसवी) के संक्रमण के कारण अस्पताल में भर्ती थे और 47 बच्चों को फेफड़ों का तपेदिक था। अध्ययन में केवल उन्हीं बच्चों को शामिल किया गया, जो श्वसन संबंधी किसी एक ही संक्रमण से प्रभावित थे। हमने अपने विश्लेषण में बच्चों की उम्र के अंतर को भी ध्यान में रखा।