Sensex, Nifty open flat as IT stocks drag, but FII buying supports market sentiment
मुंबई (महाराष्ट्र)
बुधवार को भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत सपाट रही। सेंसेक्स और निफ्टी लाल निशान में कारोबार कर रहे हैं, जबकि विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) की घरेलू शेयरों में वापसी से निवेशकों का भरोसा बना हुआ है। निफ्टी 50 इंडेक्स 23,742.25 पर खुला, जो 68.60 अंक या 0.29 प्रतिशत की गिरावट दर्शाता है। वहीं, BSE सेंसेक्स 76,853.11 पर खुला, जो 64.74 अंक या 0.08 प्रतिशत नीचे है। जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के मुख्य निवेश रणनीतिकार और बाजार विशेषज्ञ वी.के. विजयकुमार ने कहा कि भारत में FII निवेश के रुझान में आए बदलाव के कारण बाजार की धारणा में स्पष्ट परिवर्तन देखने को मिला है।
उन्होंने बताया कि पिछले दो वर्षों से विदेशी निवेशक लगातार बिकवाली कर रहे थे, जिससे घरेलू शेयरों पर दबाव था, लेकिन हाल के सत्रों में उनका रुख बदल गया है। विजयकुमार ने कहा, "पिछले छह कारोबारी दिनों में से पांच दिन FIIs बाजार में खरीदार रहे हैं। उन्होंने 18,661 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे हैं।" उन्होंने आगे कहा कि विदेशी निवेशकों की खरीदारी बढ़ रही है। कंपनियों की उम्मीद से बेहतर कमाई और लार्ज-कैप शेयरों के आकर्षक मूल्यांकन (valuation) से बाजार की तेजी को बुनियादी समर्थन मिल रहा है।
उनके अनुसार, AI ट्रेड के कमजोर पड़ने से भी विदेशी निवेशकों की वापसी में मदद मिली है। उन्हें उम्मीद है कि लार्ज-कैप शेयर इस तेजी का नेतृत्व करेंगे, क्योंकि उनमें बड़ी मात्रा में FII निवेश आकर्षित करने की क्षमता है। उन्होंने यह भी कहा कि प्रमुख वित्तीय शेयरों में अभी और ऊपर जाने की गुंजाइश है। NSE के सेक्टोरल इंडेक्स में, शुरुआती सत्र के दौरान मिला-जुला कारोबार देखने को मिला। निफ्टी IT में 1 प्रतिशत की गिरावट आई, जबकि निफ्टी फार्मा 0.36 प्रतिशत और निफ्टी रियल्टी 0.61 प्रतिशत नीचे रहे। दूसरी ओर, निफ्टी ऑटो में 0.32 प्रतिशत, निफ्टी FMCG में 0.46 प्रतिशत, निफ्टी PSU बैंक में 0.31 प्रतिशत और निफ्टी प्राइवेट बैंक में 0.04 प्रतिशत की बढ़त देखी गई।
निफ्टी 50 शेयरों में SBI, ITC, मैक्स हेल्थकेयर, इंडिगो और BEL सबसे ज्यादा बढ़त वाले शेयरों में शामिल रहे। वहीं, BSE, NTPC, हिंडाल्को, पावर ग्रिड और टाटा स्टील सबसे ज्यादा गिरावट वाले शेयरों में रहे। विजयकुमार ने कहा कि बाजार के प्रतिभागी अमेरिकी चुनावों के नतीजों पर भी नजर रखेंगे। उन्होंने कहा कि राजनीतिक घटनाक्रमों का अमेरिकी बाजारों पर असर पड़ सकता है, जिससे भारत को फायदा होने की संभावना है।
कमोडिटी बाजार में, खबर लिखे जाने तक ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमतें 0.33 प्रतिशत गिरकर 103.22 डॉलर प्रति बैरल पर आ गईं। हफ्ते की शुरुआत से ही कीमतों में गिरावट का रुख है, हालांकि ये अभी भी अपने लंबे समय के औसत के मुकाबले ऊंचे स्तर पर बनी हुई हैं। सोने की कीमतों में 0.16 प्रतिशत की गिरावट आई और 24 कैरेट सोने का भाव 1,39,230 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गया, जबकि चांदी की कीमत 1.02 प्रतिशत गिरकर 1,77,862 रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गई।
एशियाई बाजारों पर काफी दबाव देखने को मिला। जापान का निक्केई 225 सूचकांक 4 प्रतिशत से अधिक गिरकर 60,390 पर आ गया, जबकि सिंगापुर का स्ट्रेट्स टाइम्स 0.09 प्रतिशत गिरकर 5,200 पर रहा। हांगकांग का हैंग सेंग सूचकांक 0.23 प्रतिशत नीचे था। ताइवान का वेटेड इंडेक्स 2.4 प्रतिशत गिरकर 42,253 पर आ गया, जबकि दक्षिण कोरिया का KOSPI सूचकांक 3.69 प्रतिशत गिरकर 5,440 पर बंद हुआ।