गेल गैस ने सीएनजी और घरेलू पीएनजी के दाम घटाए, उपभोक्ताओं को राहत

Story by  एटीवी | Published by  [email protected] | Date 01-01-2026
GAIL Gas has reduced the prices of CNG and domestic PNG, providing relief to consumers.
GAIL Gas has reduced the prices of CNG and domestic PNG, providing relief to consumers.

 

नई दिल्ली।

सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी गेल गैस लिमिटेड ने गुरुवार को उपभोक्ताओं को राहत देते हुए संपीड़ित प्राकृतिक गैस (सीएनजी) और घरेलू पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) की कीमतों में कटौती की घोषणा की। कंपनी के अनुसार, सीएनजी की कीमत में एक रुपये प्रति किलोग्राम और घरेलू पीएनजी की कीमत में एक रुपये प्रति मानक घन मीटर की कमी की गई है। यह नई दरें गुरुवार से लागू हो गई हैं।

कंपनी ने बताया कि कीमतों में यह कटौती प्राकृतिक गैस पाइपलाइन शुल्क में हाल ही में किए गए समायोजन के बाद संभव हो सकी है। संशोधित शुल्क ढांचे के लागू होने से गैस के परिवहन की लागत में कमी आई है, जिसका सीधा लाभ उपभोक्ताओं तक पहुंचाया गया है।

गौरतलब है कि इससे एक दिन पहले देश की सबसे बड़ी शहरी गैस वितरक कंपनी इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड (आईजीएल) ने भी दिल्ली और एनसीआर क्षेत्र में घरेलू पीएनजी की कीमतों में 0.70 रुपये प्रति घन मीटर की कटौती की थी। इससे पहले थिंक गैस ने सीएनजी के दाम में 2.50 रुपये प्रति किलो और पीएनजी में पांच रुपये प्रति घन मीटर तक की कटौती का ऐलान किया था।

गेल इंडिया लिमिटेड की पूर्ण स्वामित्व वाली अनुषंगी गेल गैस लिमिटेड ने एक बयान में कहा कि संशोधित कीमतें उत्तर प्रदेश, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, हरियाणा, उत्तराखंड, झारखंड, छत्तीसगढ़, राजस्थान और ओडिशा के उन शहरों में लागू कर दी गई हैं, जहां कंपनी अपनी सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन सेवाएं देती है।

कंपनी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय और नियामक संस्था पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस नियामक बोर्ड (पीएनजीआरबी) लगातार ऐसे प्रगतिशील नीतिगत कदम उठा रहे हैं, जिनसे सीएनजी और घरेलू पीएनजी के बाजार के विकास को बढ़ावा मिल रहा है। इन उपायों से न केवल उपभोक्ताओं को सस्ती गैस मिल रही है, बल्कि सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन सेक्टर के लिए एक वित्तीय रूप से टिकाऊ और अनुकूल वातावरण भी तैयार हो रहा है।

उल्लेखनीय है कि पीएनजीआरबी ने 16 दिसंबर को प्राकृतिक गैस पाइपलाइन के लिए एक युक्तिसंगत और संशोधित शुल्क संरचना की घोषणा की थी। यह नया शुल्क ढांचा एक जनवरी से प्रभावी हो गया है, जिससे गैस का परिवहन पहले की तुलना में अधिक सस्ता और सरल हो सकेगा। उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की कटौतियों से स्वच्छ ईंधन के रूप में सीएनजी और पीएनजी की मांग को और बढ़ावा मिलेगा।