वेंस ने ईरान शांति योजना के तीन प्रमुख स्तंभ गिनाए

Story by  आवाज़ द वॉयस | Published by  onikamaheshwari | Date 17-06-2026
Vance outlines three pillars of Iran peace framework: No nuclear weapon, open Hormuz, conditional relief
Vance outlines three pillars of Iran peace framework: No nuclear weapon, open Hormuz, conditional relief

 

वॉशिंगटन डीसी [US]
 
अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने बताया कि वॉशिंगटन और तेहरान के बीच शांति समझौता तीन मुख्य बातों पर टिका है - ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकना, होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को खुला रखना और अगर ईरान खुद में "बदलाव" लाता है तो उसे आर्थिक फायदे देना। उपराष्ट्रपति ने फॉक्स न्यूज को दिए एक इंटरव्यू में ये बातें कहीं और कहा, "यह समझौता असल में बहुत आसान है। एक, ईरान के पास परमाणु हथियार नहीं हो सकते। दो, होर्मुज जलडमरूमध्य खुला रहेगा। और तीसरा, अगर ईरानी सही व्यवहार करते हैं तो उन्हें कई तरह के फायदे मिल सकते हैं।"
 
उन्होंने आगे कहा कि तेहरान को मिलने वाले कोई भी आर्थिक फायदे इस बात पर निर्भर करेंगे कि देश "आतंकवाद" को समर्थन देना बंद करे और अपने परमाणु कार्यक्रम को फिर से शुरू करने की कोशिशें छोड़ दे। वेंस ने कहा, "अगर वे आतंकवाद को बढ़ावा देना बंद कर दें, आतंकवाद को फंड देना बंद कर दें, परमाणु हथियार कार्यक्रम को फिर से शुरू करने में मदद करना बंद कर दें, तो उन्हें असल में कुछ अच्छे फायदे मिल सकते हैं। अगर वे इनमें से कुछ भी नहीं करते हैं, तो उन्हें कुछ नहीं मिलेगा।" उन्होंने आगे कहा, "ईरान के प्रचारक कहते हैं कि उन्हें ये सब चीजें मिलेंगी, लेकिन वे यह बात छिपा जाते हैं कि ये चीजें उन्हें तभी मिलेंगी जब वे एक देश के तौर पर खुद में बुनियादी बदलाव लाएंगे।"
 
वेंस ने फॉक्स न्यूज को यह भी बताया कि ईरान चाहे कोई भी रास्ता चुने, जीत अमेरिका की ही होगी। उन्होंने कहा, "जैसा कि राष्ट्रपति ने कहा, अमेरिका की जीत दोनों ही सूरतों में होगी। या तो उन्हें कुछ नहीं मिलेगा, हम उनके परमाणु कार्यक्रम को खत्म कर देंगे और होर्मुज जलडमरूमध्य खुला रहेगा, या फिर वे खुद में बुनियादी बदलाव लाएंगे और वह भी एक बड़ी जीत होगी। यह पूरी तरह से उन पर निर्भर करता है।"
 
इस हफ्ते के आखिर में स्विट्जरलैंड में अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौते पर हस्ताक्षर होने की संभावना है। इससे पहले ट्रम्प ने 'ट्रुथ सोशल' पर एक पोस्ट में कहा था कि इस "शानदार समझौते" का मकसद पूरे इलाके में "शांति और सुरक्षा" लाना है। "इस शानदार समझौते से पूरे इलाके में शांति और सुरक्षा आएगी। कई राष्ट्रपतियों ने ईरान के साथ शांति बनाने की कोशिश की, लेकिन मुझसे पहले सभी नाकाम रहे। इलाके के नेताओं को पहली बार ऐसा राष्ट्रपति मिला है जो उन्हें असली शांति दिलाने में मदद कर सकता है। शुक्रवार को समझौते पर दस्तखत होने के बाद बारूदी सुरंगें हटाने के लिए जलडमरूमध्य (स्ट्रेट) खुलने से, इलाके और दुनिया के लिए दोनों तरफ से फिर से तेल की सप्लाई शुरू हो जाएगी!" ट्रंप ने 'ट्रुथ सोशल' पर एक पोस्ट में यह बात कही।