काहिरा
मिस्र ने अमेरिका और ईरान के बीच संभावित कूटनीतिक समझौते की संभावना का स्वागत करते हुए दोनों देशों से मौजूदा अवसर का लाभ उठाकर लंबित मुद्दों का स्थायी समाधान निकालने का आग्रह किया है। मिस्र के विदेश मंत्रालय ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर जारी बयान में कहा कि वह अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump द्वारा ईरान पर प्रस्तावित सैन्य हमले रद्द किए जाने की घोषणा का स्वागत करता है। मंत्रालय ने उम्मीद जताई कि इस अवसर का उपयोग कर दोनों पक्ष विभिन्न विवादित मुद्दों पर सहमति बनाएंगे और क्षेत्र में स्थिरता तथा शांति की नई शुरुआत होगी।
मिस्र ने कहा कि वह क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय साझेदारों के साथ मिलकर तनाव कम करने के लिए लगातार गंभीर और ईमानदार प्रयास कर रहा है।
ट्रंप का दावा: "ईरान के साथ युद्ध समाप्त"
मिस्र की यह प्रतिक्रिया उस समय आई जब ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका ने ईरान के साथ युद्ध समाप्त कर दिया है और तेहरान ने परमाणु हथियार नहीं बनाने पर सहमति व्यक्त की है।
जॉर्जिया के उप-राज्यपाल पद के उम्मीदवार के समर्थन में आयोजित एक वर्चुअल रैली में ट्रंप ने कहा कि ईरान के साथ संघर्ष समाप्त हो गया है और परमाणु हथियारों का मुद्दा सुलझा लिया गया है।
हालांकि, ईरान की ओर से अब तक ऐसी किसी सहमति की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
समझौते पर अभी अंतिम फैसला नहीं: ईरान
ट्रंप ने इससे पहले कहा था कि अमेरिका और ईरान शांति समझौते पर हस्ताक्षर करने के बेहद करीब हैं तथा इसी कारण प्रस्तावित मिसाइल हमले रद्द कर दिए गए हैं। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि अमेरिकी उपराष्ट्रपति JD Vance सप्ताहांत में संभावित हस्ताक्षर समारोह में शामिल हो सकते हैं।
इसके विपरीत, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Esmaeil Baqaei ने स्पष्ट किया कि समझौते पर अभी अंतिम निर्णय नहीं हुआ है।
ईरानी समाचार एजेंसी Tasnim News Agency ने भी कहा कि पिछले दो महीनों में ट्रंप कई बार ऐसे दावे कर चुके हैं कि समझौता जल्द होने वाला है, इसलिए आधिकारिक ईरानी घोषणा से पहले इन दावों को सावधानी से देखा जाना चाहिए।
पर्दे के पीछे जारी हैं वार्ताएं
अमेरिकी मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, बुधवार देर रात तक तेहरान में कतर के दूत Ali Al-Thawadi और ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi के बीच बातचीत हुई।
सूत्रों के मुताबिक, वार्ता में तीन प्रमुख मुद्दों पर प्रगति हुई है:
ईरान की जमी हुई संपत्तियों को जारी करने की प्रक्रिया
Strait of Hormuz को दोबारा खोलने की व्यवस्था
प्रस्तावित 60 दिन के युद्धविराम के दौरान ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर बातचीत का ढांचा
हालांकि तकनीकी स्तर पर सहमति बनने की बात कही जा रही है, लेकिन अंतिम मंजूरी अभी ईरान के सर्वोच्च नेता Ali Khamenei की स्वीकृति पर निर्भर है।
क्षेत्रीय तनाव के बीच कूटनीतिक प्रयास
अमेरिका और ईरान के बीच फरवरी के अंत से जारी तनाव ने पूरे पश्चिम एशिया को प्रभावित किया है। अप्रैल से युद्धविराम लागू होने के बावजूद दोनों पक्षों के बीच छिटपुट सैन्य गतिविधियां जारी रही हैं। ऐसे में संभावित समझौते को क्षेत्रीय स्थिरता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
हालांकि, समझौते को लेकर अमेरिका और ईरान के दावों में अभी भी स्पष्ट अंतर दिखाई दे रहा है और अंतिम नतीजा आने तक स्थिति अनिश्चित बनी हुई है।