वैश्विक तनाव के बीच बाजार का एक अलग ही चेहरा सामने आ रहा है। जंग जहां एक तरफ देशों की अर्थव्यवस्थाओं पर दबाव बना रही है, वहीं दूसरी ओर ऑनलाइन बाजार में यह एक नए ट्रेंड को जन्म दे रही है। इजरायल, अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते टकराव का असर अब सीधे उपभोक्ता व्यवहार में दिखने लगा है।
ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म्स पर नजर डालें तो एक दिलचस्प तस्वीर उभरती है। Meesho, Flipkart, Etsy, eBay, Teepublic और Threadless जैसे प्लेटफॉर्म्स पर टी शर्ट्स की मांग तेजी से बदली है। यह बदलाव केवल फैशन का नहीं है। इसके पीछे भावनाएं हैं। रुझान है। और कहीं न कहीं राजनीतिक सोच भी।

इन प्लेटफॉर्म्स पर सबसे ज्यादा जो चीज ध्यान खींचती है, वह है ईरान के सर्वोच्च नेता Ali Khamenei की तस्वीरों वाली टी शर्ट्स। बड़ी संख्या में लोग इन्हें खरीद रहे हैं। इन टी शर्ट्स पर लिखे संदेश भी ध्यान देने वाले हैं। लिजेंड नेवर डाई जैसे वाक्य इन्हें एक प्रतीक बना रहे हैं।
कीमत भी एक अहम पहलू है। खामेनेई की तस्वीरों वाली टी शर्ट्स सस्ती हैं। आमतौर पर यह 250 से 400 रुपये के बीच मिल जाती हैं। यानी यह आम उपभोक्ता की पहुंच में हैं। यह बात इनके तेजी से बिकने का एक कारण भी हो सकती है।

इसके उलट अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति Donald Trump और इजरायल के प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu की तस्वीरों वाली टी शर्ट्स का ट्रेंड अलग है। इनकी संख्या कम है। और जो उपलब्ध हैं, उनमें इन नेताओं को गंभीर रूप में नहीं दिखाया गया है।
कई टी शर्ट्स में ट्रंप और नेतन्याहू को कार्टून के रूप में पेश किया गया है। कुछ डिजाइनों में व्यंग्य साफ झलकता है। उदाहरण के तौर पर एक डिजाइन में ट्रंप को पट्टे से बंधा दिखाया गया है और उस पट्टे को नेतन्याहू पकड़े हुए हैं। यह केवल एक डिजाइन नहीं है। यह एक संदेश है।
कीमत के मामले में भी अंतर दिखता है। इन टी शर्ट्स की कीमत अधिक है। कई प्लेटफॉर्म्स पर यह 500 रुपये से लेकर 1500 रुपये तक में मिल रही हैं। अंतरराष्ट्रीय साइट्स पर तो कीमत डॉलर में है।
Teepublic पर नेतन्याहू की टी शर्ट्स लगभग 16 डॉलर में उपलब्ध हैं। वहीं eBay पर कुछ टी शर्ट्स 20 डॉलर से अधिक कीमत पर सूचीबद्ध हैं। लेकिन कीमत के बावजूद इनकी लोकप्रियता सीमित नजर आती है।
Etsy पर कुछ टी शर्ट्स पर नोट वॉर जैसे संदेश भी देखे गए हैं। इनकी कीमत भी अपेक्षाकृत अधिक है। फिर भी इनकी मांग उतनी नहीं दिखती, जितनी खामेनेई से जुड़ी टी शर्ट्स की है।
भारतीय बाजार की बात करें तो यहां तस्वीर और साफ हो जाती है। Meesho जैसे प्लेटफॉर्म पर खामेनेई की तस्वीरों वाली टी शर्ट्स बड़ी संख्या में बिक रही हैं। इसके मुकाबले ट्रंप और नेतन्याहू से जुड़ी टी शर्ट्स या तो कम हैं या लगभग न के बराबर हैं।

यह केवल उत्पाद की उपलब्धता का मामला नहीं है। यह मांग का संकेत है। बाजार वही दिखाता है जो ग्राहक चाहता है। और फिलहाल ग्राहक किस ओर झुक रहा है, यह इन प्लेटफॉर्म्स के डेटा से समझा जा सकता है।
विशेषज्ञ मानते हैं कि यह ट्रेंड अचानक नहीं आया। सोशल मीडिया, न्यूज और वैश्विक घटनाओं ने लोगों की सोच को प्रभावित किया है। लोग केवल खबरें नहीं देख रहे। वे प्रतिक्रिया भी दे रहे हैं। और अब यह प्रतिक्रिया खरीदारी के जरिए सामने आ रही है।
टी शर्ट जैसे उत्पाद लंबे समय से अभिव्यक्ति का माध्यम रहे हैं। लोग अपने विचार, पसंद और विरोध को इनके जरिए जाहिर करते हैं। इस बार भी कुछ अलग नहीं है। फर्क सिर्फ इतना है कि मुद्दा वैश्विक है और असर स्थानीय बाजार में दिख रहा है।
दिलचस्प बात यह भी है कि खामेनेई की छवि को सकारात्मक तरीके से प्रस्तुत किया जा रहा है। वहीं ट्रंप और नेतन्याहू को व्यंग्य या आलोचना के रूप में दिखाया जा रहा है। यह अंतर बताता है कि उपभोक्ता किस नैरेटिव से जुड़ाव महसूस कर रहा है।

हालांकि यह कहना आसान नहीं है कि पूरा देश एक ही सोच रखता है। भारत एक विविध समाज है। यहां अलग अलग विचार हैं। लेकिन ऑनलाइन ट्रेंड यह जरूर संकेत देता है कि एक बड़ा वर्ग किस तरह की सामग्री को अपनाने में रुचि दिखा रहा है।
बाजार हमेशा भावनाओं को समझता है। और इस समय यह साफ दिख रहा है कि युद्ध केवल सीमाओं पर नहीं लड़ा जा रहा। यह लोगों के मन में भी चल रहा है। और अब यह बाजार में भी नजर आ रहा है।
आने वाले समय में यह ट्रेंड बदल सकता है। जैसे ही हालात बदलेंगे, बाजार भी बदल जाएगा। लेकिन फिलहाल तस्वीर साफ है। ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर जो बिक रहा है, वह सिर्फ कपड़ा नहीं है। वह एक सोच है। एक संदेश है। और एक संकेत भी।