Free trade agreements will give a big boost to the Indian toy industry: Toy Association
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
ब्रिटेन और यूरोपीय संघ (ईयू) समेत कई पक्षों के साथ किए गए मुक्त व्यापार समझौतों (एफटीए) से देश के खिलौना निर्यात को बड़ा बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। खिलौना उद्योग से जुड़े अधिकारियों ने यह संभावना जताई।
'टॉय एसोसिएशन ऑफ इंडिया' के अध्यक्ष मनु गुप्ता ने कहा कि इन व्यापार समझौतों के तहत भारतीय खिलौनों को ब्रिटेन और ईयू के बाजारों में शून्य शुल्क पर प्रवेश मिलेगा, जबकि वर्तमान में इन उत्पादों पर करीब पांच-छह प्रतिशत आयात शुल्क लगता है।
गुप्ता ने कहा, ‘‘ये एफटीए हमें वैश्विक प्रतिस्पर्धा के उच्च स्तर पर पहुंचाने में मदद करेंगे। इन दोनों बाजारों की देश के कुल खिलौना निर्यात में लगभग 16 प्रतिशत हिस्सेदारी है, जो 2024 में 35 करोड़ डॉलर रहा था।’’
भारत ने पिछले वर्ष ब्रिटेन के साथ व्यापार समझौता किया था, जो इस साल 15 जुलाई से लागू होने जा रहा है। वहीं 27 देशों के समूह ईयू के साथ समझौता इस वर्ष दिसंबर तक होने की संभावना है और इसे अगले वर्ष लागू किया जा सकता है।
प्लेग्रो टॉयज इंडिया के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) और उद्योग प्रतिनिधि गुप्ता ने कहा कि सरकार की कारोबारी अनुकूल नीतियों के कारण इस क्षेत्र में बड़े निवेश आ रहे हैं। कंपनी ने उज्जैन में विनिर्माण इकाई लगाने पर करीब 82 करोड़ रुपये का निवेश किया है, जहां 500 लोगों को रोजगार मिला है।