सांता क्लारा।
फीफा विश्व कप 2026 में अमेरिका ने शानदार प्रदर्शन करते हुए बोस्निया और हर्जेगोविना को 2-0 से हराकर अंतिम 16 में अपनी जगह पक्की कर ली। गुरुवार को खेले गए इस मुकाबले में युवा स्टार फ्लो बालोगुन ने एक बार फिर अपनी शानदार फॉर्म का प्रदर्शन किया, जबकि मलिक टिलमैन ने मैच के अंतिम क्षणों में गोल दागकर अमेरिकी जीत पर मुहर लगा दी।
इस जीत के साथ अमेरिकी टीम ने प्री क्वार्टर फाइनल में प्रवेश कर लिया है, जहां उसका सामना मजबूत बेल्जियम टीम से होगा।
मुकाबले की शुरुआत काफी रोमांचक रही। बोस्निया ने शुरुआती मिनटों में ही आक्रामक रुख अपनाते हुए एक कॉर्नर हासिल किया, लेकिन टीम इस अवसर का फायदा नहीं उठा सकी। इसके बाद अमेरिकी खिलाड़ियों ने धीरे-धीरे खेल पर अपना नियंत्रण स्थापित करना शुरू कर दिया।
अमेरिकी कप्तान क्रिश्चियन पुलिसिक और फ्लो बालोगुन ने शुरुआत से ही बोस्निया के डिफेंस पर दबाव बनाना शुरू कर दिया। आठवें मिनट में बोस्निया को एक और अच्छा मौका मिला, लेकिन अमेरिकी गोलकीपर ने बेहतरीन बचाव करते हुए टीम को बढ़त लेने से रोक दिया।
मैच के 31वें मिनट में फ्लो बालोगुन ने गेंद को गोलपोस्ट में पहुंचा दिया था, लेकिन रेफरी ने ऑफसाइड का फैसला सुनाते हुए गोल को खारिज कर दिया। हालांकि, इस फैसले से बालोगुन का आत्मविश्वास कम नहीं हुआ और उन्होंने लगातार आक्रामक खेल जारी रखा।
पहले हाफ के अंतिम मिनटों में उनकी मेहनत रंग लाई। 45वें मिनट में सर्जिनो डेस्ट ने बॉक्स के भीतर शानदार पास दिया। गेंद बोस्नियाई डिफेंडर से हल्की टकराकर बालोगुन तक पहुंची और उन्होंने बिना समय गंवाए जोरदार शॉट लगाकर गेंद को गोलकीपर निकोला वासिल्ज के पास से नेट में पहुंचा दिया।
इस गोल के साथ बालोगुन ने अपने पहले ही विश्व कप में तीसरा गोल दागा। वह विश्व कप में तीन गोल करने वाले अमेरिका के चुनिंदा खिलाड़ियों की सूची में शामिल हो गए।
गोल करने के कुछ ही क्षण बाद बालोगुन ने एक और शानदार प्रयास किया, लेकिन इस बार गेंद क्रॉसबार से टकराकर बाहर चली गई। पहले हाफ में अमेरिका पूरी तरह हावी दिखाई दिया। टीम ने लगभग 62 प्रतिशत समय गेंद पर कब्जा बनाए रखा और विरोधी टीम के पेनल्टी क्षेत्र में 19 बार प्रवेश किया। इनमें से 14 मौके अकेले बालोगुन ने बनाए, जो उनके प्रभावशाली प्रदर्शन को दर्शाता है।
दूसरे हाफ की शुरुआत में बोस्निया ने तीन बदलाव करते हुए वापसी की कोशिश की। अनुभवी स्ट्राइकर एडिन जेको भी आक्रमण में सक्रिय दिखाई दिए, लेकिन चोट के कारण वह अपनी लय में नजर नहीं आए।
61वें मिनट में मुकाबला विवादों में घिर गया। फ्लो बालोगुन और बोस्निया के डिफेंडर के बीच जोरदार टक्कर हुई, जिसमें बोस्नियाई खिलाड़ी चोटिल हो गए। रेफरी ने वीडियो समीक्षा के बाद बालोगुन को गंभीर फाउल का दोषी मानते हुए सीधे लाल कार्ड दिखा दिया। इसके बाद अमेरिका को शेष मुकाबला 10 खिलाड़ियों के साथ खेलना पड़ा।
एक खिलाड़ी कम होने के बावजूद अमेरिकी टीम ने शानदार संयम दिखाया। मैच के 82वें मिनट में मलिक टिलमैन ने शानदार गोल कर अमेरिका की बढ़त को 2-0 कर दिया। इसके बाद बोस्निया वापसी नहीं कर सका और अंतिम सीटी तक यही स्कोर कायम रहा।
अमेरिका की यह जीत टीम के आत्मविश्वास को और मजबूत करेगी। अब सभी की निगाहें बेल्जियम के खिलाफ होने वाले प्री क्वार्टर फाइनल मुकाबले पर होंगी, जहां अमेरिकी टीम अपने विजयी अभियान को आगे बढ़ाने की कोशिश करेगी।