स्वस्थ गुर्दों का राज़: आपकी थाली में छिपा है किडनी को सुरक्षित रखने का फॉर्मूला

Story by  एटीवी | Published by  [email protected] | Date 05-02-2026
The secret to healthy kidneys is hidden in your plate: the formula for protecting your kidneys.
The secret to healthy kidneys is hidden in your plate: the formula for protecting your kidneys.

 

नई दिल्ली।

गुर्दे हमारे शरीर के सबसे अहम अंगों में से एक हैं। ये रक्त को शुद्ध करने, शरीर से विषैले तत्वों को बाहर निकालने और इलेक्ट्रोलाइट संतुलन बनाए रखने जैसे ज़रूरी काम करते हैं। लेकिन बदलती जीवनशैली, अनियमित दिनचर्या और जंक फूड पर बढ़ती निर्भरता के कारण आज किडनी से जुड़ी बीमारियां तेजी से बढ़ रही हैं। अक्सर लोग यह मान लेते हैं कि सिर्फ ज़्यादा पानी पी लेने से गुर्दे सुरक्षित रहेंगे, जबकि सच्चाई यह है कि संतुलित और सही आहार इसके लिए उतना ही जरूरी है।

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक, रोज़मर्रा में आसानी से मिलने वाले कुछ साधारण खाद्य पदार्थ गुर्दों के लिए प्राकृतिक सुरक्षा कवच का काम कर सकते हैं। अगर इन्हें नियमित रूप से आहार में शामिल किया जाए, तो किडनी की कार्यक्षमता लंबे समय तक बेहतर बनी रह सकती है।

फूलगोभी और प्याज: प्राकृतिक डिटॉक्स एजेंट
फूलगोभी किडनी के लिए एक बेहतरीन सब्ज़ी मानी जाती है। यह विटामिन C, फोलेट और फाइबर से भरपूर होती है, जो शरीर से विषैले तत्वों को बाहर निकालने में मदद करती है। वहीं प्याज उन लोगों के लिए खास तौर पर उपयोगी है, जिन्हें पोटेशियम की अधिक मात्रा से परहेज करना पड़ता है। इसमें मौजूद क्वेरसेटिन जैसे एंटीऑक्सीडेंट सूजन कम करने और किडनी पर पड़ने वाले दबाव को घटाने में सहायक होते हैं।

फल जो औषधि की तरह काम करते हैं
सेब और तरबूज को किडनी का मित्र कहा जाए तो गलत नहीं होगा। ये शरीर को हाइड्रेट रखते हैं और अपशिष्ट पदार्थों को बाहर निकालने की प्रक्रिया को तेज करते हैं। सेब में मौजूद फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट किडनी की सूजन कम करने के साथ-साथ ब्लड शुगर और कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करने में भी मदद करते हैं।

जैतून का तेल और ग्रीन टी: सेहत का मजबूत सहारा
खाना पकाने में जैतून के तेल का इस्तेमाल गुर्दों के लिए फायदेमंद माना जाता है। इसमें मौजूद स्वस्थ वसा किडनी की कोशिकाओं को नुकसान से बचाती है। वहीं ग्रीन टी के एंटीऑक्सीडेंट तत्व किडनी की कार्यक्षमता बढ़ाने और फ्री रेडिकल्स से होने वाले नुकसान को कम करने में मददगार हैं।

लहसुन और समुद्री मछली: सूजन पर सीधा प्रहार
लहसुन में मौजूद सूजनरोधी गुण रक्तचाप को नियंत्रित रखते हैं, जिससे गुर्दों पर अतिरिक्त दबाव नहीं पड़ता। इसके अलावा सैल्मन और टूना जैसी समुद्री मछलियां, जो ओमेगा-3 फैटी एसिड से भरपूर होती हैं, शरीर में सूजन को कम कर किडनी को लंबे समय तक स्वस्थ रखने में सहायक होती हैं।

अगर सही खान-पान को दिनचर्या का हिस्सा बना लिया जाए, तो गुर्दों को स्वस्थ रखना कोई मुश्किल काम नहीं। आपकी थाली ही आपकी किडनी की सबसे बड़ी सुरक्षा है।