मेरठ
उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने रविवार को कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा शुरू की गई ‘ड्रोन दीदी’ पहल राज्य की महिलाओं को कृषि क्षेत्र में नई पहचान दिला रही है। उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत महिलाएं आधुनिक तकनीक अपनाकर खेती-किसानी को नई दिशा दे रही हैं और किसानों के लिए प्रेरणास्रोत बन रही हैं।
राज्यपाल मेरठ स्थित सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के 18वें दीक्षांत समारोह को संबोधित कर रही थीं। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने कृषि क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए ‘ड्रोन दीदी’ जैसी ऐतिहासिक पहल की शुरुआत की है। आज महिलाएं न केवल खेतों में सक्रिय भूमिका निभा रही हैं, बल्कि तकनीक के जरिये कृषि उत्पादन को भी नई ऊंचाइयों तक ले जा रही हैं।
आनंदीबेन पटेल ने कहा, “हर क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी बेहद जरूरी है। सरकार महिलाओं को स्वस्थ, सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में लगातार काम कर रही है। ड्रोन तकनीक का उपयोग करके महिलाएं खेती में क्रांतिकारी बदलाव ला रही हैं।”
समारोह में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्रों को सम्मानित किया गया। इस दौरान स्नातक, स्नातकोत्तर और पीएचडी में विशेष उपलब्धि हासिल करने वाले छात्र-छात्राओं को कुल 583 डिग्रियां और 26 पदक प्रदान किए गए। राज्यपाल ने विश्वविद्यालय द्वारा गोद लिए गए गांव के प्राथमिक विद्यालय की शिक्षिकाओं को भी पुस्तकें भेंट कीं।
डिग्री प्राप्त छात्रों को संबोधित करते हुए राज्यपाल ने आह्वान किया, “आप अपने ज्ञान और प्रतिभा का उपयोग देशहित में करेंगे तो भारत को विकसित राष्ट्र बनने से कोई नहीं रोक सकता।”
इस मौके पर विश्वविद्यालय प्रशासन और शिक्षकों ने भी छात्रों को बधाई दी और उन्हें समाज व राष्ट्र निर्माण में सकारात्मक योगदान देने की प्रेरणा दी।





