नई दिल्ली।
पश्चिमी दिल्ली के उत्तम नगर स्थित जेजे कॉलोनी में 26 वर्षीय तरुण कुमार की मौत के बाद उत्पन्न तनावपूर्ण माहौल को लेकर Jamiat Ulama-i-Hind के एक प्रतिनिधिमंडल ने मंगलवार को दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने इलाके में शांति और साम्प्रदायिक सौहार्द बनाए रखने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की।
यह प्रतिनिधिमंडल संगठन के अध्यक्ष Maulana Mahmood Madani के निर्देश पर पुलिस अधिकारियों से मिलने पहुंचा था। बैठक Jatin Narwal के जनकपुरी स्थित कार्यालय में हुई। प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व संगठन के महासचिव Maulana Mohammad Hakeemuddin Qasmi ने किया।
बैठक के दौरान प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस को एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा, जिसमें घटना के बाद इलाके में पैदा हुए माहौल को लेकर चिंता व्यक्त की गई। जमीअत ने कहा कि स्थानीय मुस्लिम समुदाय के कई लोग घटना के बाद भय और असुरक्षा की स्थिति में जी रहे हैं। संगठन ने आरोप लगाया कि कुछ असामाजिक तत्व सोशल मीडिया के जरिए भड़काऊ संदेश फैलाकर माहौल को खराब करने की कोशिश कर रहे हैं।
जमीअत ने यह भी कहा कि तरुण कुमार की मौत बेहद दुखद है और संगठन पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करता है। साथ ही यह मांग की गई कि पूरे मामले की निष्पक्ष, पारदर्शी और विस्तृत जांच हो ताकि सच्चाई सामने आ सके। संगठन के अनुसार यह घटना दो समूहों के बीच विवाद से जुड़ी हो सकती है, लेकिन कुछ लोग इसे सांप्रदायिक रंग देने का प्रयास कर रहे हैं।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि घटना के बाद कुछ स्थानों पर तोड़फोड़, लूटपाट और आगजनी की खबरें सामने आई हैं। इसके अलावा दिल्ली नगर निगम द्वारा की गई कथित बुलडोजर कार्रवाई को लेकर भी चिंता जताई गई और कहा गया कि किसी भी कार्रवाई को कानून की निर्धारित प्रक्रिया के तहत ही किया जाना चाहिए।
प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन के सामने कई मांगें रखीं, जिनमें नफरत फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई, सोशल मीडिया पर भड़काऊ सामग्री पर रोक, इलाके में पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था और हिंसा से प्रभावित लोगों के लिए न्याय सुनिश्चित करना शामिल है। साथ ही रमज़ान और आने वाली ईद-उल-फितर के मद्देनज़र मस्जिदों में नमाज़, बाजारों के खुलने और ईदगाह में नमाज़ के दौरान सुरक्षा व्यवस्था की भी मांग की गई।
इस पर जॉइंट कमिश्नर जतीन नरवाल ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि पुलिस इलाके में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठा रही है। उन्होंने बताया कि बाहरी लोगों की आवाजाही पर निगरानी रखी जा रही है और शांति समिति की बैठकें आयोजित कर साम्प्रदायिक सद्भाव बनाए रखने की कोशिश की जा रही है। पुलिस ने यह भी भरोसा दिलाया कि स्थानीय लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी और अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।