लोकसभा अध्यक्ष के खिलाफ प्रस्ताव किसी नेता के अहंकार की संतुष्टि के लिए लाया गया है: रविशंकर प्रसाद

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 11-03-2026
The motion against the Lok Sabha Speaker has been brought to satisfy the ego of some leader: Ravi Shankar Prasad
The motion against the Lok Sabha Speaker has been brought to satisfy the ego of some leader: Ravi Shankar Prasad

 

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली


 
 भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता रविशंकर प्रसाद ने बुधवार को कहा कि लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को पद से हटाने के लिए विपक्ष द्वारा लाया गया प्रस्ताव उनके खिलाफ अविश्वास के लिए नहीं, बल्कि ‘किसी’ के अहंकार की संतुष्टि के लिए लाया गया है।

विपक्ष द्वारा बिरला के खिलाफ लाए गए प्रस्ताव पर चर्चा में भाग लेते हुए प्रसाद ने कहा, ‘‘लोकसभा अध्यक्ष के पद के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव को किसी के अहंकार की संतुष्टि का माध्यम नहीं बनाया जाना चाहिए।’’

कांग्रेस नेता मोहम्मद जावेद ने मंगलवार को संकल्प प्रस्तुत किया था और सदन में इस पर चर्चा शुरू हुई।

प्रसाद ने नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी का नाम लिए बिना उन पर निशाना साधते हुए कहा, ‘‘यह प्रस्ताव बिरला के खिलाफ अविश्वास के लिए नहीं, बल्कि किसी के अहं की संतुष्टि के लिए लाया गया है।’’

उन्होंने कहा कि संसदीय प्रणाली पर ‘कॉल और शकधर’ की लिखी किताब में कहा गया है कि नेता प्रतिपक्ष छाया प्रधानमंत्री की तरह हैं, लेकिन इसमें यह भी लिखा है कि उन्हें राष्ट्रहित के मुद्दों पर अपने शब्दों का ध्यान से चयन करना चाहिए।

प्रसाद ने कहा कि इसमें कहा गया है कि नेता प्रतिपक्ष संसद के अंदर और बाहर सरकार की आलोचना कर सकते हैं, लेकिन विदेश की धरती पर उन्हें दलीय राजनीति नहीं करनी चाहिए।

पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष (एलओपी) राहुल गांधी को इसे पढ़ना चाहिए।

इस पर कांग्रेस सदस्यों ने टीका-टिप्पणी की और आसन के समीप आ गए। बाद में राहुल गांधी को बोलने की अनुमति मिलने पर हंगामा शांत हुआ।

प्रसाद ने कहा कि राहुल गांधी ने बजट सत्र के पहले चरण में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा में भाग लेते हुए एक पूर्व सेना प्रमुख के संस्मरण को लेकर कुछ बातें कही थीं।