The Centre's underwater tunnel project will strengthen the transportation system in Arunachal Pradesh: Deputy Chief Minister
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
अरुणाचल प्रदेश के उपमुख्यमंत्री चौना मीन ने शनिवार को असम में भारत की पहली ‘अंडरवाटर ट्विन ट्यूब रोड-कम-रेल टनल’ को मंजूरी दिए जाने को एक ऐतिहासिक उपलब्धि बताते हुए कहा कि इससे पूर्वोत्तर में कनेक्टिविटी उल्लेखनीय रूप से बेहतर होगी और आर्थिक विकास को गति मिलेगी।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता वाली आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (सीसीईए) के निर्णय पर प्रतिक्रिया देते हुए मीन ने कहा कि इस महत्वाकांक्षी परियोजना से क्षेत्रीय परिवहन व्यवस्था में बदलाव आएगा और असम तथा अरुणाचल प्रदेश के प्रमुख स्थानों के बीच संपर्क बेहतर होगा।
मीन ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, “प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 33.7 किलोमीटर लंबे चार-लेन वाले एक्सेस-कंट्रोल्ड ग्रीनफील्ड राष्ट्रीय राजमार्ग को मंजूरी दी है, जिसमें ब्रह्मपुत्र नदी के नीचे 15.79 किलोमीटर लंबी ट्विन ट्यूब अंडरवाटर सुरंग शामिल है। इनमें से एक ट्यूब (मुख) में ट्रेनों की आवाजाही की भी व्यवस्था होगी।”
उपमुख्यमंत्री ने इसे एक ऐतिहासिक उपलब्धि बताते हुए कहा कि यह परियोजना पूर्वोत्तर क्षेत्र में बुनियादी ढांचे के विकास की दिशा में एक बड़ा कदम है।
उन्होंने कहा, “इस महत्वपूर्ण पहल से असम और अरुणाचल प्रदेश के बीच कनेक्टिविटी काफी मजबूत होगी, सीमावर्ती अवसंरचना को सुदृढ़ बनेगी, गुवाहाटी और डिब्रूगढ़ से ईटानगर तक परिवहन व्यवस्था में सुधार होगा तथा भारत की ‘एक्ट ईस्ट पॉलिसी’ के जरिये आर्थिक विकास को गति मिलेगी।”