फर्जी जाति प्रमाण पत्र के आधार पर नौकरी पाने वाला शिक्षक बर्खास्त

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 31-07-2026
Teacher dismissed for getting job on the basis of fake caste certificate
Teacher dismissed for getting job on the basis of fake caste certificate

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
 बलिया जिले में फर्जी जाति प्रमाण पत्र के आधार पर सरकारी प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक की नौकरी हासिल करने और करीब आठ वर्ष तक वेतन प्राप्त करने के आरोप में एक शिक्षक को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है। एक अधिकारी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।

जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी मनीष कुमार सिंह ने बताया कि रसड़ा थाना क्षेत्र के रत्तोपुर गांव निवासी त्रिभुवन नारायण सिंह ने शिकायत की थी कि गांव का ही निवासी जितेंद्र राम फर्जी दस्तावेजों के आधार पर अनुसूचित जनजाति खरवार का जाति प्रमाण पत्र बनवाकर बांसडीह विकासखंड के रामपुर नौबरार स्थित प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक के पद पर कार्यरत है, जबकि वह कमकर जाति से संबंधित है।
 
उन्होंने बताया कि शिकायत की जांच रसड़ा तहसील के तहसीलदार से कराई गई। तहसीलदार ने अपनी जांच रिपोर्ट में स्पष्ट किया कि जितेंद्र का खरवार जाति का प्रमाण पत्र निरस्त किया जा चुका है।
 
सिंह ने कहा कि जांच से यह स्पष्ट हो गया कि जितेंद्र खरवार जनजाति का नहीं, बल्कि कमकर जाति का है।
 
उन्होंने आरोप लगाया कि जितेंद्र राम ने फर्जी दस्तावेजों के माध्यम से विभाग को गुमराह कर पांच सितंबर, 2018 को शिक्षक पद पर नियुक्ति प्राप्त की थी।