पीएम की दूरदर्शिता और बाजार प्रतिस्पर्धा से भारत में सस्ती हुई सौर ऊर्जा: पीयूष गोयल

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 12-01-2026
Solar energy has become cheaper in India due to PM's vision and market competition: Piyush Goyal
Solar energy has become cheaper in India due to PM's vision and market competition: Piyush Goyal

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा है कि भारत में सौर ऊर्जा को किफायती बनाने के पीछे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शी सोच, बाजार में प्रतिस्पर्धा और बड़े स्तर पर उत्पादन की रणनीति अहम कारण रही है। गुजरात के राजकोट में वाइब्रेंट गुजरात रीजनल कॉन्फ्रेंस के तहत आयोजित ‘सोलर डिविडेंड्स’ कार्यक्रम में उन्होंने यह बात कही।
 
पीयूष गोयल ने याद दिलाया कि जब नरेंद्र मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे, तब सौर ऊर्जा को लेकर काफी आलोचना होती थी। उस समय सौर बिजली की कीमत करीब 16 रुपये प्रति यूनिट थी और लोग इसे बेहद महंगा बताते थे। लेकिन प्रधानमंत्री का स्पष्ट विश्वास था कि शुरुआत में नई तकनीक और सीमित उत्पादन के कारण लागत अधिक होती है, जो बड़े पैमाने पर अपनाने से अपने आप कम हो जाएगी।
 
उन्होंने बताया कि 2014 के अंत में सरकार ने एक बड़ा नीतिगत फैसला लिया। सौर ऊर्जा की खरीद के लिए ‘फीड-इन टैरिफ’ की जगह ‘रिवर्स ऑक्शन’ यानी प्रतिस्पर्धी बोली प्रणाली अपनाई गई। इस व्यवस्था में कंपनियों को ऑनलाइन प्रतिस्पर्धा के जरिए सबसे कम दर बतानी होती है। इसका नतीजा यह हुआ कि पहली ही नीलामी में सौर बिजली की कीमत घटकर करीब 2.5 रुपये प्रति यूनिट तक आ गई।
 
गोयल ने कहा कि इस बदलाव के बाद देश में बड़े-बड़े सोलर प्रोजेक्ट तेजी से शुरू हुए। 1000 से 2000 मेगावाट क्षमता वाले सोलर पार्क बनने लगे और सौर ऊर्जा राष्ट्रीय प्राथमिकता बन गई। उन्होंने यह भी बताया कि पहले देश का लक्ष्य 2030 तक 20,000 मेगावाट सौर ऊर्जा उत्पादन का था, जिसे 2014 के बाद बढ़ाकर 1 लाख मेगावाट (100 गीगावाट) कर दिया गया।