राजौरी/जम्मू
कश्मीर घाटी को राजौरी और पुंछ जिलों से जोड़ने वाली ऐतिहासिक मुगल रोड भारी बर्फबारी के कारण करीब एक सप्ताह तक बंद रहने के बाद सोमवार को यातायात के लिए पूरी तरह बहाल कर दी गई। अधिकारियों ने बताया कि सड़क को पहले रविवार रात आंशिक रूप से खोला गया था और केवल दोनों ओर फंसे वाहनों को आवागमन की अनुमति दी गई थी।
सोमवार की सुबह से राजमार्ग पर संपूर्ण यातायात बहाल हो गया, जिससे स्थानीय लोगों और आवागमन करने वाले यात्रियों को बड़ी राहत मिली। अधिकारियों ने कहा कि पिछले सप्ताह भारी बर्फबारी के चलते यह मार्ग बंद कर दिया गया था, जिससे कश्मीर घाटी और जम्मू संभाग के बीच संपर्क अस्थायी रूप से टूट गया था।
हालांकि, यातायात पुलिस ने अब भी मार्ग पर समय-निर्धारित आवागमन लागू किया है। इसके तहत दोनों छोर पर वाहनों को केवल अपराह्न ढाई बजे तक मार्ग पर चलने की अनुमति है, और उसके बाद किसी भी प्रकार के वाहनों को इस मार्ग पर आवागमन की अनुमति नहीं दी जाएगी। इसका उद्देश्य सर्दियों में बर्फ के जमाव और फिसलन के कारण होने वाले दुर्घटनाओं को रोकना है।
अधिकारियों ने यह भी बताया कि पीर की गली क्षेत्र में अभी भी बर्फ का आंशिक जमाव देखा जा रहा है और शाम के समय सड़कों पर फिसलन भरी स्थिति रहने की संभावना है। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे सुरक्षा उपाय अपनाकर ही यात्रा करें और विशेष रूप से शाम के समय सावधानी बरतें।
साथ ही, जम्मू-पूंछ राजमार्ग भी पिछले सप्ताह भूस्खलन के कारण तीन घंटे तक बंद रहा था। अधिकारियों ने सोमवार को इसे भी सामान्य यातायात के लिए बहाल कर दिया। इससे न केवल स्थानीय आवागमन को सुविधा मिली है, बल्कि आवश्यक आपूर्ति और सेवाओं का संचालन भी सुचारू रूप से शुरू हो गया है।
मुगल रोड कश्मीर का एक महत्वपूर्ण मार्ग है, जो राजौरी और पुंछ जिलों को घाटी के प्रमुख शहरों से जोड़ता है। इस मार्ग के खुलने से पर्यटन, स्थानीय व्यापार और आपातकालीन सेवाओं को भी पुनः गति मिली है। अधिकारियों ने यह सुनिश्चित किया है कि बर्फबारी और मौसम की स्थिति के आधार पर नियमित रूप से सड़क की निगरानी की जाएगी और यात्रियों को समय-समय पर सूचित किया जाएगा।
इस प्रकार, भारी बर्फबारी के बाद मुगल रोड और जम्मू-पूंछ राजमार्ग पर यातायात बहाल होने से कश्मीर और जम्मू संभाग के बीच संपर्क फिर से सुचारू रूप से स्थापित हो गया है, जिससे स्थानीय लोगों और यात्रियों को बड़ी राहत मिली है।