Northeast is one of the most exciting chapters in India's development story: Naidu
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
केंद्रीय नागर विमानन मंत्री के. राममोहन नायडू ने कहा है कि मेघालय को दशकों तक ‘‘बादलों के घर’’ के रूप में जाना जाता था लेकिन आज यह ‘‘अवसरों के घर’’ के रूप में उभर रहा है और यह बदलाव ‘‘असीम संभावनाओं’’ वाले पूरे पूर्वोत्तर क्षेत्र की व्यापक कहानी को दर्शाता है।
नायडू ने एक वीडियो संदेश में यह बात कही जिसे सोमवार और मंगलवार को मेघालय की राजधानी शिलांग में आयोजित पूर्वोत्तर भारत अवसंरचना शिखर सम्मेलन के एक सत्र में मंगलवार को दिखाया गया।
मंत्री ने कहा कि उन्हें किसी कार्यक्रम के लिए जब भी पूर्वोत्तर जाने का ‘‘सौभाग्य’’ मिला, वह वहां के लोगों और क्षेत्र में मौजूद ‘‘असीम संभावनाओं’’ से अत्यंत प्रेरित होकर लौटे।
नायडू ने कहा कि मेघालय को दशकों तक ‘‘बादलों के घर के रूप में जाना जाता था लेकिन आज यह अवसरों के घर के रूप में उभर रहा है। यह बदलाव पूरे पूर्वोत्तर की व्यापक कहानी को दर्शाता है।’’
नागर विमानन मंत्री ने कहा कि पूर्वोत्तर को आजादी के बाद कई वर्षों तक अक्सर ‘‘दिल्ली से उसकी दूरी’’ के आधार पर देखा जाता था लेकिन आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व तथा उनकी ‘एक्ट ईस्ट’ नीति और ‘‘तेजी से एवं पहले कदम उठाने के दृष्टिकोण’’ के कारण पूर्वोत्तर की पहचान दूरी से नहीं, बल्कि संपर्क से हो रही है।
नायडू ने कहा कि स्वयं यह शिखर सम्मेलन इस प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
उन्होंने कहा कि पूर्वोत्तर के सभी आठ राज्यों, केंद्र सरकार के कई मंत्रालयों और उद्योग जगत के प्रतिनिधियों की मौजूदगी क्षेत्र की अपार संभावनाओं को साकार करने के लिए समूची सरकार के स्तर पर अपनाए गए समन्वित दृष्टिकोण को दर्शाती है।