आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
अविश्वास के माहौल के बीच ईरान ने पुष्टि की है कि उसका 10 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल अमेरिका और इजराइल के साथ जारी विवाद के समाधान के लिए प्रस्तावित वार्ता में भाग लेने के वास्ते बृहस्पतिवार को पाकिस्तान पहुंचेगा।
दो सप्ताह के युद्ध-विराम के कुछ ही दिनों बाद यह अहम वार्ता शुक्रवार को इस्लामाबाद में प्रस्तावित है।
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को कहा था कि उन्होंने पाकिस्तान के प्रस्ताव पर ईरान के साथ दो सप्ताह के युद्ध-विराम पर सहमति जताई है।
प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने अमेरिका और ईरान, दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडलों को शुक्रवार यानी 10 अप्रैल को इस्लामाबाद आमंत्रित किया है, ताकि सभी विवादों के समाधान के लिए आगे की बातचीत की जा सके।
पाकिस्तान में ईरान के राजदूत रजा अमीरी मोघदम ने अपने देश के प्रतिनिधिमंडल की भागीदारी की पुष्टि करते हुए कहा कि इजराइल द्वारा कथित युद्ध-विराम उल्लंघनों के कारण ईरानी जनमत में शांति वार्ता को लेकर संदेह बना हुआ है।
उन्होंने ‘एक्स’ पर कहा, “इजराइल की सरकार द्वारा बार-बार युद्ध-विराम उल्लंघन और प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ की ओर से आमंत्रित कूटनीतिक पहल को विफल करने के प्रयासों के बावजूद, ईरानी प्रतिनिधिमंडल आज रात इस्लामाबाद पहुंच रहा है और ईरान के 10 बिंदुओं के प्रस्ताव के आधार पर गंभीर वार्ता करेगा।”