नोएडा में अशांति फैलाने वाले समूहों के खिलाफ सबूत मिले, शहर में स्थिति सामान्य: डीजीपी

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 14-04-2026
Evidence found against groups spreading unrest in Noida; situation in the city is normal: DGP
Evidence found against groups spreading unrest in Noida; situation in the city is normal: DGP

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) राजीव कृष्ण ने मंगलवार को कहा कि इलेक्ट्रॉनिक और सीसीटीवी फुटेज से मिले सबूत नोएडा में मजदूर आंदोलन के दौरान हिंसा भड़काने में कुछ व्यक्तियों और समूहों की भूमिका की ओर इशारा करते हैं और इन सूचनाओं के आधार पर कार्रवाई की जा रही है।
 
लखनऊ में स्थित पुलिस मुख्यालय में पत्रकारों से बात करते हुए डीजीपी ने कहा, “कुछ व्यक्ति और संगठनों के नाम सामने आए हैं, जिन्होंने स्थिति खराब की। हमारे पास इलेक्ट्रॉनिक सबूत और सीसीटीवी फुटेज हैं, जिनके आधार पर कार्रवाई जारी है।”
 
उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया, डायल 112 और अन्य स्रोतों से लगातार सूचनाएं मिल रही थीं।
 
अधिकारी ने कहा कि फिलहाल नोएडा में स्थिति पूरी तरह सामान्य है।
 
कृष्ण ने कहा, “वरिष्ठ अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और हम उनके संपर्क में हैं।”
 
उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा गठित उच्चस्तरीय समिति का भी जिक्र किया, जिसने नोएडा का दौरा करके हितधारकों से बात की और बाद में श्रमिकों की मांगों के संबंध महत्वपूर्ण घोषणाएं की गईं।
 
उन्होंने कहा कि सरकार श्रमिकों के प्रति संवेदनशील है और वेतन को लेकर त्वरित निर्णय लिए गए हैं, साथ ही श्रमिकों से अपील की गई है कि वे बहकावे में न आएं और शांति बनाए रखें।
 
इस बीच मंगलवार को नोएडा में स्थिति शांतिपूर्ण रही। पुलिस और सुरक्षा बलों ने सुबह से पूरे शहर में फ्लैग मार्च किया। गौतमबुद्ध नगर की पुलिस आयुक्त लक्ष्मी सिंह ने बताया कि सोमवार को 83 स्थानों पर करीब 42,000 श्रमिकों ने प्रदर्शन किया, लेकिन हिंसा केवल दो जगहों पर हुई। भीड़ को तितर-बितर करने के लिए हल्का बल प्रयोग किया गया।
 
हिंसा के मामले में अब तक 300 से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया गया है और सात प्राथमिकी दर्ज की गई हैं। आगे की कार्रवाई जारी है। श्रमिकों का आंदोलन शांत होने के बाद मंगलवार को सेक्टर 121 में सैकड़ों घरेलू कामगारों ने एक प्रीमियम हाउसिंग सोसाइटी के बाहर प्रदर्शन किया।
 
उन्होंने वेतन बढ़ाने और महीने में चार दिन की छुट्टी समेत अन्य मांगें रखीं। सुबह से दोपहर तक चले प्रदर्शन के दौरान कुछ जगहों पर पत्थरबाजी हुई और कुछ वाहन क्षतिग्रस्त हुए। स्थिति नियंत्रित करने के लिए पुलिस बल तैनात किया गया।
 
डीसीपी (मध्य नोएडा) शव्या गोयल ने बताया कि प्रदर्शन क्लियो काउंटी, गढ़ी चौकंडी, सेक्टर 121 और सेक्टर 70 तक सीमित रहा।
 
उन्होंने कहा, “स्थिति पूरी तरह शांतिपूर्ण है और कानून व्यवस्था कायम है।”
 
गोयल ने लोगों से अफवाह न फैलाने की अपील की और चेतावनी दी कि गलत सूचना फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी।
 
प्रदर्शन में शामिल एक घरेलू सहायिका ने बताया कि उन्हें प्रति घर 1,500 से 2,500 रुपये मिलते हैं और भुगतान अनियमित रहता है।
 
उन्होंने कहा, “हमें निश्चित वेतन मिलना चाहिए ताकि बुनियादी जरूरतें पूरी हो सकें। जब तक समाधान नहीं होता, हम साथियों को काम पर नहीं जाने देंगे।”
 
एक अन्य महिला कामगार ने कहा कि मांगें पूरी होने तक विरोध जारी रहेगा। वहीं सोसाइटी के एक निवासी ने कहा, “जो मौजूदा वेतन पर काम करना चाहते हैं वे कर सकते हैं, जो नहीं करना चाहते वे न करें।”