Woman officer Simran Bala will lead the CRPF's all-male contingent in the Republic Day parade.
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के वरिष्ठ नेता अभिषेक बनर्जी ने उच्चतम न्यायाल द्वारा निर्वाचन आयोग को गणना फॉर्म के संबंध में सोमवार को दिए गए ताजा निर्देश को “उनके मुंह पर दो करारे तमाचे” करार दिया, “जिन्होंने लोगों को मतदान के उनके मौलिक अधिकार से वंचित करने की कोशिश की।”
न्यायालय ने निर्वाचन आयोग को तार्किक विसंगतियों के कारण सुनवाई के लिए बुलाए गए मतदाताओं के नाम प्रकाशित करने का निर्देश दिया है।
पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के बारासात में आयोजित रैली को संबोधित करते हुए अभिषेक ने कहा कि “अदालत में मिली इस जीत” के बाद पार्टी को अप्रैल में होने वाले “विधानसभा चुनावों में भी जीत” हासिल होगी।
अभिषेक ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ओर इशारा करते हुए कहा, “यह ‘मां माटी मानुष’ की जीत है। यह पश्चिम बंगाल की जनता की उन लोगों पर जीत है, जिन्होंने मतदाता सूची से एक करोड़ नागरिकों के नाम मिटाने की कोशिश की।”
उन्होंने कहा, “शीर्ष अदालत ने उनके मुंह पर दो करारे तमाचे जड़े हैं, जिन्होंने न केवल पश्चिम बंगाल की जनता को भूखा मारने की कोशिश की, बल्कि उन्हें मतदान के मौलिक अधिकार से वंचित करने का भी प्रयास किया।”
अभिषेक ने कहा, “आज हमने उन्हें अदालत में हराया। हम अप्रैल में होने वाले विधानसभा चुनावों में भी उन्हें करारी शिकस्त देंगे। तैयार रहें, पश्चिम बंगाल उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्यप्रदेश या गुजरात नहीं है। इस राज्य ने राष्ट्र के स्वतंत्रता संग्राम और पुनर्जागरण का मार्ग प्रशस्त किया। हम बाहरी लोगों के सामने सिर नहीं झुकाते।”