आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
पारिस्थितिकी संवेदनशील क्षेत्र (ईएसए) और किसानों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को लेकर मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) द्वारा इडुक्की जिले में बुलाई गई 12 घंटे की हड़ताल शुक्रवार सुबह छह बजे शुरू हुई, जिससे जनजीवन प्रभावित रहा। पुलिस ने यह जानकारी दी।
माकपा की जिला समिति ने फेसबुक पर एक पोस्ट में बताया कि यह हड़ताल ईएसए के संबंध में संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (यूडीएफ) सरकार द्वारा सौंपी गई सिफारिशों के आधार पर प्रकाशित भूमि संबंधी नक्शे में अधिक स्पष्टता की मांग को लेकर की जा रही है।
माकपा यह भी मांग कर रही है कि ‘कार्डमम हिल रिजर्व’ क्षेत्र को वन भूमि घोषित करने के कदम को वापस लिया जाए।
इसके अलावा, पार्टी ने बागानों और कृषि भूमि को वन्यजीव अभयारण्यों में बदलने के आदेशों को वापस लेने, हाथियों के लिए गलियारे बनाने की योजनाओं को रद्द करने और ‘हाई रेंज माउंटेन लैंडस्केप’ (एचआरएमएल) परियोजना को दोबारा शुरू करने की कथित गुप्त कोशिशों पर रोक लगाने की भी मांग की है।
माकपा के जिला सचिव सी. वी. वर्गीज ने एक वीडियो संदेश के जरिए समाज के सभी वर्गों से हड़ताल में सहयोग करने की अपील की।