Commonwealth Games: SAI has met the challenges well, but there is scope for improvement.
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेल भारतीय खेल प्राधिकरण (साइ) के लिये छह माही परीक्षा से कम नहीं थे जिसमें खेलों के अलावा प्रशासनिक चुनौतियां भी थी जिन पर खरे उतरने के बावजूद कुछ पहलुओं पर सुधार की जरूरत भी सामने आई ।
खेल मंत्रालय के तहत साइ राष्ट्रीय शिविरों के आयोजन, चयन, खिलाड़ियों की ट्रेनिंग और प्रतिस्पर्धाओं के कैलेंडर की निगरानी के लिये जवाबदेह है । ग्लास्गो खेलों में 13 स्वर्ण और 17 रजत समेत 39 पदक जीतने से अपेक्षाओं पर खरे उतरने का संतोष है तो तैराकी और साइकिलिंग जैसे खेलों में और काम करने की जरूरत का भी अहसास है ।
इसके अलावा मुक्केबाजों और जूडो खिलाड़ियों को ग्लास्गो में समय पर सामान नहीं मिलने जैसे प्रशासनिक मसले भी सामने आये जिनमें आने वाले समय में सुधार की जरूरत है ।
साइ के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा ,‘‘ सबसे अच्छी बात जूडो (दो स्वर्ण, एक रजत और एक कांस्य ) में प्रदर्शन है । तैराकी और साइकिलिंग में प्रदर्शन बेहतर करना होगा । मुक्केबाजी में भी अच्छे पदक (सात स्वर्ण, तीन रजत) मिले हैं । इस बार खेल कम थे तो इसमें हम कुछ नहीं कर सकते थे ।’’
उन्होंने कहा ,‘‘ कुछ प्रशासनिक मसले आये हैं और सुधार की जरूरत है । जैसे खिलाड़ियों को अपना बैगेज नहीं मिला । टीम के साथ एक ऐसा व्यक्ति होना जरूरी है जो इन चीजों से निपट सके ताकि भविष्य में ऐसी दिक्कतें नहीं आये ।’’