Center should refute China's claims of mediating between India and Pakistan: Owaisi
सानिया अंजुम/नई दिल्ली
ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के अध्यक्ष एवं लोकसभा सदस्य असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि भारत-पाकिस्तान मध्यस्थता को लेकर चीन का दावा देश का अपमान है और केंद्र सरकार को इसका कड़े शब्दों में खंडन करना चाहिए।
ओवैसी ने कहा कि भारत के सम्मान या उसकी संप्रभुता की कीमत पर चीन के साथ संबंध सामान्य नहीं किए जा सकते।
बुधवार देर रात सोशल मीडिया पर पोस्ट में ओवैसी ने कहा, ‘‘अमेरिकी राष्ट्रपति (डोनाल्ड ट्रंप) द्वारा हमारे सामने संघर्षविराम की घोषणा करने और शांति सुनिश्चित करने के लिए व्यापार प्रतिबंधों के इस्तेमाल का दावा करने के बाद अब चीन के विदेश मंत्री भी आधिकारिक तौर पर ऐसे ही दावे कर रहे हैं। यह भारत का अपमान है और सरकार को इसका कड़ा खंडन करना चाहिए।’’
उन्होंने आरोप लगाया कि भारत और पाकिस्तान को एक ही स्तर पर रखने की चीन कोशिश कर रहा है और दक्षिण एशिया में खुद को श्रेष्ठ के रूप में पेश करना चाहता है।
ओवैसी ने सवाल किया, ‘‘क्या प्रधानमंत्री की चीन यात्रा के दौरान मोदी सरकार ने इसी बात पर सहमति जताई थी?’’