आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
केरल के अलप्पुझा निवासी 32 वर्षीय एक व्यक्ति के खिलाफ फोन पर पत्नी को तीन तलाक देने और उसके साथ क्रूरता करने के आरोप में प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
पुलिस ने बताया कि यह मामला सोमवार को मुवत्तुपुझा पुलिस थाना में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 85 के तहत दर्ज किया गया, जो पति या उसके रिश्तेदारों द्वारा महिला के साथ क्रूरता करने से संबंधित है।
पुलिस ने बताया कि प्राथमिकी में मुस्लिम महिला (विवाह पर अधिकारों का संरक्षण) अधिनियम, 2019 की धारा 3 और 4 भी जोड़ी गई है, जो तीन तलाक (तलाक-ए-बिद्दत)को अमान्य और अवैध बनाता है और दंड का प्रावधान करता है।
आरोपी की पहचान सुहैल के रूप में हुई है, जो अलाप्पुझा जिले के कार्तिकप्पल्ली तालुक का निवासी है।
पुलिस ने बताया कि दंपति ने 18 सितंबर, 2016 को मुस्लिम रीति-रिवाजों के अनुसार शादी की थी और पति-पत्नी के रूप में साथ रह रहे थे।
शिकायत के मुताबिक, शादी के बाद सुहैल ने कथित तौर पर और दहेज की मांग की और समस्याएं पैदा करना शुरू कर दिया, जिससे महिला को मुवत्तुपुझा क्षेत्र में अलग रहने के लिए मजबूर होना पड़ा।
खबरों के मुताबिक, इस दौरान वह हॉस्टल और किराए के मकानों में रह रही थी।