बसपा विधायक उमा शंकर सिंह का निधन पार्टी के लिए बड़ा नुकसान : मायावती

Story by  PTI | Published by  [email protected] | Date 06-08-2026
BSP MLA Uma Shankar Singh's death a big loss for the party: Mayawati
BSP MLA Uma Shankar Singh's death a big loss for the party: Mayawati

 

आवाज द वॉयस/नई दिल्ली

 
बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की अध्यक्ष मायावती ने बृहस्पतिवार को अपने दिवंगत पार्टी विधायक उमा शंकर सिंह को श्रद्धांजलि दी।

मायावती ने सिंह को एक समर्पित और वफादार नेता बताया और कहा कि उनका निधन पार्टी और उनके विधानसभा क्षेत्र के लोगों के लिए एक बड़ी क्षति है।
 
उत्तर प्रदेश विधानसभा में बसपा के एकमात्र विधायक रहे उमाशंकर सिंह (55) का बुधवार रात दिल्ली में निधन हो गया था। बलिया की रसड़ा सीट से विधायक रहे सिंह काफी समय से बीमारी से जूझ रहे थे।
 
दिल्ली से लाए जाने के बाद सिंह का पार्थिव शरीर उनके लखनऊ स्थित आवास पर रखा गया था, जहां मायावती ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।
 
बाद में संवाददाताओं से बातचीत में मायावती ने कहा कि विधायक उमाशंकर सिंह ने पार्टी में शामिल होने के बाद से ही सिंह ने पूरी ईमानदारी, समर्पण और वफादारी के साथ बसपा की सेवा की और राजनीतिक उतार-चढ़ाव के बावजूद कभी पार्टी के साथ धोखा नहीं किया।
 
मायावती ने शोकाकुल परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि इस मुश्किल समय में बसपा उनके साथ मजबूती से खड़ी रहेगी।
 
बसपा प्रमुख ने दिवंगत विधायक के साथ अपने करीबी व्यक्तिगत संबंधों को याद करते हुए कहा कि सिंह उन्हें अपनी 'सगी बहन' मानते थे और हर साल राखी की रस्म भी निभाते थे।
 
मायावती ने कहा कि सिंह हमेशा लोगों के सुख-दुख में उनके साथ खड़े रहे और उनके हितों का पूरा ध्यान रखा। उन्होंने कहा, "मेरा मानना ​​है कि उनके विधानसभा क्षेत्र के लोग भी यही चाहेंगे कि उनकी विरासत आगे बढ़े।"
 
उत्तर प्रदेश की मुख्यमंत्री रह चुकी मायावती ने यह भी संकेत दिया कि अगर सिंह का परिवार चाहे तो पार्टी उन्हें राजनीतिक रूप से समर्थन देने को तैयार है।
 
उन्होंने कहा, "उनका एक बेटा और एक शादीशुदा बेटी है। पूरे परिवार ने हमेशा मुझे बहुत सम्मान दिया है। अगर परिवार चाहेगा, तो मैं उनके बेटे को राजनीति में मौका दूंगी और उसे पूरा समर्थन दूंगी। हालांकि, अभी ऐसी बातों पर चर्चा करने का समय नहीं है, लेकिन मैं परिवार को भरोसा दिलाना चाहती थी कि बसपा उनके साथ खड़ी है।"