बंगाल चुनाव: दूसरे चरण में 142 सीटों पर मतदान

Story by  आवाज़ द वॉयस | Published by  [email protected] | Date 29-04-2026
Bengal Elections: Voting on 142 Seats in the Second Phase
Bengal Elections: Voting on 142 Seats in the Second Phase

 

कोलकाता

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 का दूसरा और अंतिम चरण आज शुरू हो गया है, जिसे इस चुनाव का सबसे अहम पड़ाव माना जा रहा है। पहले चरण में रिकॉर्ड मतदान के बाद अब यह चरण सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस के लिए असली परीक्षा बन गया है, क्योंकि मतदान दक्षिण बंगाल और कोलकाता जैसे उसके पारंपरिक गढ़ों में हो रहा है।

सुबह से ही मतदान केंद्रों पर गतिविधियां तेज रहीं। मतदान शुरू होने से पहले विभिन्न बूथों पर ईवीएम और वीवीपैट मशीनों की जांच के लिए मॉक पोल कराए गए, ताकि चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता सुनिश्चित की जा सके। राज्यभर में प्रशासन पूरी तरह ‘मिशन मोड’ में नजर आया, जहां चुनाव अधिकारियों और एजेंटों ने तड़के ही अपनी जिम्मेदारियां संभाल लीं।

सुरक्षा के लिहाज से इस चरण को बेहद संवेदनशील माना जा रहा है। कई इलाकों में केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों की भारी तैनाती की गई है। कोलकाता पोर्ट और दक्षिण 24 परगना जैसे क्षेत्रों में सुरक्षा के कड़े इंतजाम देखने को मिले। चुनाव आयोग ने स्पष्ट कर दिया है कि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या हिंसा को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और “जीरो टॉलरेंस” नीति अपनाई गई है।

हालांकि, सुरक्षा के बावजूद कुछ जगहों से तनाव की खबरें भी सामने आई हैं। एक वायरल वीडियो को लेकर विवाद बढ़ गया है, जिसमें कथित तौर पर मतदाताओं को डराने की कोशिश की गई। इस मुद्दे पर विपक्षी दलों ने चुनाव आयोग से शिकायत दर्ज कराते हुए निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने की मांग की है।

इस चरण में कुल 142 विधानसभा सीटों पर मतदान हो रहा है, जो राज्य की कुल 294 सीटों का लगभग आधा हिस्सा है। करीब 3.21 करोड़ मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं, जिनमें बड़ी संख्या में महिलाएं और पहली बार वोट देने वाले युवा शामिल हैं। खास बात यह है कि 41,000 से अधिक मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जिनमें हजारों केंद्र पूरी तरह महिला कर्मचारियों द्वारा संचालित किए जा रहे हैं।

राजनीतिक रूप से यह चरण बेहद अहम है। कोलकाता की भवानीपुर सीट, टॉलीगंज, दमदम, कोलकाता पोर्ट और कृष्णानगर जैसी हाई-प्रोफाइल सीटों पर सभी की नजरें टिकी हैं। इन क्षेत्रों में मुख्य मुकाबला भारतीय जनता पार्टी और तृणमूल कांग्रेस के बीच है।

2021 के चुनाव में तृणमूल कांग्रेस ने इन 142 सीटों में से 123 पर जीत हासिल की थी। ऐसे में इस बार भी पार्टी के लिए इन सीटों पर पकड़ बनाए रखना बेहद जरूरी है। वहीं, भाजपा इन शहरी क्षेत्रों और मतुआ समुदाय के बीच अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश कर रही है।

चुनाव आयोग ने निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं। सभी मतदान केंद्रों पर वेबकास्टिंग, सीसीटीवी निगरानी और माइक्रो-ऑब्जर्वर्स की तैनाती की गई है। वरिष्ठ नागरिकों और दिव्यांग मतदाताओं के लिए विशेष सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं।

अब यह देखना दिलचस्प होगा कि दूसरे चरण का मतदान किस पार्टी के पक्ष में जाता है। चुनाव परिणाम 4 मई को घोषित किए जाएंगे, जो यह तय करेंगे कि पश्चिम बंगाल की सत्ता किसके हाथ में जाएगी। फिलहाल, पूरे राज्य में लोकतंत्र का यह महापर्व पूरे उत्साह और कड़ी सुरक्षा के बीच जारी है।