AMUAMU Girls' School pays tribute to Imtiaz Alam. Girls' School pays tribute to Imtiaz Alam.
अलीगढ़
अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (एएमयू) के गर्ल्स स्कूल में वरिष्ठ शिक्षक मोहम्मद इम्तियाज़ आलम के आकस्मिक निधन पर एक शोकसभा का आयोजन किया गया। इस अवसर पर विद्यालय की प्राचार्य, शिक्षकों, गैर-शिक्षण कर्मचारियों और छात्राओं ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की तथा उनके निधन को संस्थान के लिए अपूरणीय क्षति बताया।
शोकसभा में उपस्थित सभी लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत शिक्षक की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। वक्ताओं ने कहा कि मोहम्मद इम्तियाज़ आलम केवल एक कुशल शिक्षक ही नहीं थे, बल्कि विद्यार्थियों के मार्गदर्शक, सहयोगी और प्रेरणास्रोत भी थे। उनकी सादगी, ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा हमेशा याद रखी जाएगी।
2012 से जुड़े थे एएमयू गर्ल्स स्कूल से
मोहम्मद इम्तियाज़ आलम वर्ष 2012 से एएमयू गर्ल्स स्कूल में पीजीटी (सुन्नी थियोलॉजी) के पद पर कार्यरत थे। अपने शिक्षण कार्य के अलावा उन्होंने विद्यालय में कई महत्वपूर्ण प्रशासनिक जिम्मेदारियां भी निभाईं।
वे सेल्फ फाइनेंस कक्षाओं के समन्वयक (कोऑर्डिनेटर) और प्रो-प्रॉक्टर के रूप में भी अपनी सेवाएं दे रहे थे। इन जिम्मेदारियों का निर्वहन उन्होंने पूरी ईमानदारी, अनुशासन और समर्पण के साथ किया। विद्यालय प्रशासन ने कहा कि संस्थान के विकास में उनका योगदान हमेशा याद रखा जाएगा।
प्राचार्य ने जताया गहरा शोक
विद्यालय की प्राचार्य अमना मलिक ने अपने संबोधन में गहरा दुख व्यक्त करते हुए कहा कि मोहम्मद इम्तियाज़ आलम का असामयिक निधन पूरे एएमयू गर्ल्स स्कूल परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है।
उन्होंने कहा कि दिवंगत शिक्षक ने अपने कार्यकाल के दौरान शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट सेवाएं दीं और हमेशा छात्रों के सर्वांगीण विकास के लिए प्रयासरत रहे। उनका व्यवहार अत्यंत विनम्र और सहयोगपूर्ण था, जिसके कारण वे छात्रों और सहकर्मियों के बीच समान रूप से सम्मानित थे।
प्राचार्य ने कहा कि उनकी कमी को भर पाना आसान नहीं होगा, क्योंकि उन्होंने अपने व्यक्तित्व और कार्यशैली से संस्थान में एक अलग पहचान बनाई थी।
14 वर्षों की सेवा को किया याद
शोकसभा के दौरान उर्दू शिक्षक मोहम्मद आलम ने शोक संदेश पढ़ते हुए दिवंगत शिक्षक की लगभग 14 वर्षों की सेवाओं को याद किया।
उन्होंने कहा कि मोहम्मद इम्तियाज़ आलम एक समर्पित, संवेदनशील और निस्वार्थ शिक्षक थे। उन्होंने हमेशा विद्यार्थियों को केवल पाठ्यक्रम तक सीमित शिक्षा नहीं दी, बल्कि उन्हें अच्छे संस्कार, अनुशासन और नैतिक मूल्यों का भी पाठ पढ़ाया।
उन्होंने कहा कि विद्यालय परिवार उनके योगदान को हमेशा सम्मान और कृतज्ञता के साथ याद रखेगा।
विशेष दुआ का आयोजन
शोकसभा में एएमयू एबीके हाई स्कूल के सुन्नी थियोलॉजी शिक्षक शुएब अहमद नदवी भी उपस्थित रहे। उन्होंने दिवंगत शिक्षक की मगफिरत और आत्मिक शांति के लिए विशेष दुआ कराई।
उन्होंने अल्लाह से प्रार्थना की कि मोहम्मद इम्तियाज़ आलम को जन्नत में उच्च स्थान प्रदान करे तथा उनके परिवार को इस कठिन समय में सब्र और हिम्मत अता करे।
छात्राओं के प्रिय शिक्षक थे इम्तियाज़ आलम
शोकसभा में मौजूद शिक्षकों, कर्मचारियों और छात्राओं ने मोहम्मद इम्तियाज़ आलम को एक ऐसे शिक्षक के रूप में याद किया, जो हमेशा विद्यार्थियों की समस्याओं को गंभीरता से सुनते थे और उन्हें स्नेहपूर्वक मार्गदर्शन देते थे।
उनकी सरलता, मिलनसार स्वभाव और विद्यार्थियों के प्रति आत्मीय व्यवहार ने उन्हें सभी का प्रिय बना दिया था। विद्यालय के शिक्षकों ने कहा कि वे हमेशा संस्थान के हितों को सर्वोपरि रखते थे और हर जिम्मेदारी को पूरी निष्ठा के साथ निभाते थे।
श्रद्धांजलि के साथ शोकसभा का समापन
शोकसभा का समापन दिवंगत शिक्षक की आत्मा की शांति के लिए सामूहिक दुआ के साथ हुआ। विद्यालय परिवार ने संकल्प व्यक्त किया कि मोहम्मद इम्तियाज़ आलम की शिक्षा, सेवा और मानवता के प्रति समर्पण की भावना आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनी रहेगी।
एएमयू गर्ल्स स्कूल ने कहा कि संस्थान उनके अमूल्य योगदान, विद्यार्थियों के प्रति उनके स्नेह और शिक्षा के क्षेत्र में उनकी निष्ठा को हमेशा सम्मान और कृतज्ञता के साथ याद रखेगा।