Vipul Shah: 'The Kerala Story 2' was made to show the 'huge threat' spreading across the country
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
फिल्मकार विपुल शाह ने कहा है कि उन्होंने जबरन धर्मांतरण पर आधारित 2023 की अपनी विवादित फिल्म ‘द केरल स्टोरी’ का सीक्वल इसलिए बनाने का निर्णय लिया क्योंकि वह ‘‘कहीं अधिक व्यापक खतरे’’ को उजागर करना चाहते थे, जो उनके अनुसार केवल केरल तक सीमित नहीं है बल्कि पूरे देश में फैला हुआ है।
शाह ने कहा कि पहली फिल्म के बाद उन्हें देश के अलग-अलग हिस्सों से ऐसी कई कहानियां मिलीं, जिनसे लगा कि यह मुद्दा सिर्फ केरल तक सीमित नहीं है। इसी सोच से ‘द केरल स्टोरी 2 : गोज बियॉन्ड’ को जन्म दिया, जो भारी विवाद के बीच पिछले सप्ताह सिनेमाघरों में रिलीज हुई।
फिल्म अलग-अलग राज्यों की तीन हिंदू महिलाओं की कहानी दिखाती है, जो परिवार के विरोध के बावजूद मुस्लिम पुरुषों से शादी करती हैं और बाद में उन्हें धर्म परिवर्तन के लिए मजबूर किया जाता है।
शाह ने ‘सनशाइन पिक्चर्स’ बैनर के माध्यम से इसका निर्माण किया है। उन्होंने कहा कि पहली फिल्म के बाद इसका सीक्वल बनाने की पहले से कोई योजना नहीं थी। पहली फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर 300 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई की थी और दो राष्ट्रीय पुरस्कार जीते थे।
शाह ने ‘पीटीआई-भाषा’ को दिए एक साक्षात्कार में कहा, ‘‘‘केरल स्टोरी 2’ बनाने की कोई योजना भी नहीं थी। लेकिन ‘केरल स्टोरी 1’ के बाद हमें कई कहानियां मिलने लगीं। तब मुझे एहसास हुआ कि यह समस्या सिर्फ केरल तक सीमित नहीं है, बल्कि देशभर में कहीं बड़े रूप में मौजूद है। हमें लगा कि यह कहानी बताना जरूरी है, क्योंकि यह पहली फिल्म में दिखाए गए घटनाक्रम से कहीं ज्यादा व्यापक और अलग है। इसी वजह से हमने दूसरा भाग बनाने का फैसला किया।’’
उन्होंने कहा, ‘‘यह कोई मार्केटिंग चाल नहीं थी कि ‘चलो दूसरा भाग बना लेते हैं, पहली फिल्म को खूब प्रशंसा मिली, अब इसे आगे बढ़ाते हैं।’ ऐसा बिल्कुल नहीं था।’’
युवतियों के धर्म परिवर्तन और कट्टरपंथ की ओर धकेले जाने के विषय पर आधारित पहली फिल्म का निर्देशन सुदीप्तो सेन ने किया था, वहीं इसके सीक्वल का निर्देशन कामाख्या नारायण सिंह ने किया है।
यह पूछे जाने पर कि क्या इस फिल्म का तीसरा भाग भी आएगा तो शाह ने कहा कि फिलहाल इस संबंध में कोई ठोस योजना नहीं है।
उन्होंने कहा, ‘‘लेकिन अगर भविष्य में हमारे पास कोई प्रभावशाली और ठोस कहानियां आती हैं या कुछ नए तथ्य सामने आते हैं, तो संभव है कि हम उस विषय पर भी फिल्म बनाना चाहें। लेकिन फिलहाल ऐसी कोई योजना नहीं है।’’
‘द केरल स्टोरी 2’ रिलीज से पहले ही विवादों में घिर गई। ट्रेलर सामने आते ही इसे घृणा फैलाने का दुष्प्रचार कहकर इसकी आलोचना शुरू हो गई।
केरल उच्च न्यायालय की एकल पीठ ने इसकी रिलीज पर 15 दिन की रोक लगा दी थी, जिसे बाद में खंडपीठ ने हटाते हुए रिलीज करने की अनुमति दे दी।
शाह का आरोप है कि केरल और तमिलनाडु में कुछ समूह थिएटर मालिकों पर दबाव बना रहे हैं कि वे सिनेमाघरों से फिल्म हटाएं, जो उनके अनुसार अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और अदालत के आदेश का उल्लंघन है।