The UAE has announced the tentative date for Eid-ul-Adha 2026.
दुबई
United Arab Emirates ने ईद-उल-अज़हा 2026 की संभावित तारीख को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी जारी की है। देश के International Astronomy Center (आईएसी) ने अपनी ताज़ा खगोलीय रिपोर्ट में कहा है कि इस्लामी महीने ज़िल्हिज्जा का चांद 17 मई को दिखाई देने की प्रबल संभावना है। यदि यह अनुमान सही साबित होता है, तो दुनिया के अधिकांश मुस्लिम देशों में 27 मई, बुधवार को ईद-उल-अज़हा मनाई जा सकती है।
आईएसी के अनुसार, खगोलीय गणनाओं और चंद्रमा की स्थिति के आधार पर यह अनुमान लगाया गया है कि 17 मई की शाम को कई क्षेत्रों में चांद देखा जा सकेगा। रिपोर्ट में कहा गया है कि पूर्वी एशिया, दक्षिण अफ्रीका और दक्षिण अमेरिका के कुछ हिस्सों में दूरबीनों की मदद से चंद्र दर्शन संभव होगा। वहीं मध्य और पश्चिम एशिया, उत्तरी अफ्रीका तथा उत्तर और दक्षिण अमेरिका के अधिकांश क्षेत्रों में चांद को नंगी आंखों से भी देखा जा सकता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि 17 मई को चांद दिखाई देता है, तो हिजरी कैलेंडर के अनुसार 1447 हिजरी का ज़िल्हिज्जा महीना 18 मई से शुरू होगा। इस स्थिति में 10 ज़िल्हिज्जा यानी ईद-उल-अज़हा 27 मई को मनाई जाएगी। हालांकि अंतिम निर्णय संबंधित देशों की आधिकारिक चांद देखने वाली समितियों और धार्मिक प्राधिकरणों द्वारा ही लिया जाएगा।
ईद-उल-अज़हा इस्लाम के सबसे महत्वपूर्ण त्योहारों में से एक माना जाता है। इसे कुर्बानी का त्योहार भी कहा जाता है। यह पर्व Prophet Ibrahim की उस महान कुर्बानी की याद में मनाया जाता है, जब उन्होंने अल्लाह के हुक्म पर अपने बेटे को कुर्बान करने की तैयारी दिखाई थी। मुस्लिम समुदाय इस दिन नमाज अदा करता है, कुर्बानी देता है और जरूरतमंदों में मांस तथा अन्य वस्तुएं वितरित करता है।
हर साल ईद-उल-अज़हा की तारीख चांद दिखने पर निर्भर करती है, इसलिए अलग-अलग देशों में यह एक दिन आगे-पीछे भी हो सकती है। खगोलीय संस्थाएं पहले से संभावित तारीखों का अनुमान जारी करती हैं, लेकिन अंतिम घोषणा स्थानीय धार्मिक समितियों द्वारा चंद्र दर्शन के बाद ही की जाती है।
इस बार भी Saudi Arabia समेत कई मुस्लिम देशों में 17 मई को चांद देखने की तैयारियां शुरू हो चुकी हैं। दुनिया भर के मुसलमान अब आधिकारिक ऐलान का इंतजार कर रहे हैं। यदि अनुमान के मुताबिक चांद दिखाई देता है, तो इस वर्ष ईद-उल-अज़हा मई के अंतिम सप्ताह में मनाई जाएगी।
गौरतलब है कि खगोलीय गणनाओं का उपयोग अब कई देशों में इस्लामी महीनों की संभावित शुरुआत का अनुमान लगाने के लिए किया जाता है, जिससे लोगों को यात्रा, छुट्टियों और धार्मिक तैयारियों की योजना बनाने में सुविधा मिलती है। हालांकि इस्लामी परंपरा में चांद का वास्तविक दिखाई देना अभी भी सबसे महत्वपूर्ण माना जाता है।