भारत और चीन के बीच हवाई यात्रा को लेकर एक अहम खबर आई है। IndiGo की एक फ्लाइट मंगलवार को दिल्ली से उड़ान भरकर चीन के ग्वांगझू पहुंची। यह सीधी सेवा दोबारा शुरू होने का संकेत है।इस फ्लाइट के पहुंचने के साथ ही दोनों देशों के बीच सीधी कनेक्टिविटी फिर बहाल हो गई है। इससे यात्रियों को काफी राहत मिलने की उम्मीद है। अब लोगों को बीच में रुककर यात्रा नहीं करनी पड़ेगी।
यह कदम ऐसे समय पर उठाया गया है जब भारत और चीन के रिश्तों में धीरे धीरे सुधार देखा जा रहा है। इसी के साथ Air China ने भी बीजिंग से दिल्ली के बीच अपनी उड़ानें फिर शुरू कर दी हैं।रिपोर्ट के अनुसार बीजिंग से दिल्ली की यह सेवा हफ्ते में तीन दिन चलेगी। यह उड़ान मंगलवार, शुक्रवार और रविवार को उपलब्ध रहेगी। फ्लाइट दोपहर 3 बजकर 15 मिनट पर बीजिंग से रवाना होगी। यह शाम 8 बजकर 20 मिनट पर दिल्ली पहुंचेगी।
इन सेवाओं के शुरू होने से यात्रियों को ज्यादा विकल्प मिलेंगे। किराए की बात करें तो इकोनॉमी क्लास का शुरुआती किराया करीब 523 अमेरिकी डॉलर बताया गया है।इस बदलाव के पीछे एक बड़ा कारण दोनों देशों के बीच बढ़ती बातचीत है। पिछले साल प्रधानमंत्री Narendra Modi ने शंघाई सहयोग संगठन की बैठक में हिस्सा लिया था। यह बैठक Shanghai Cooperation Organisation के तहत चीन के तियानजिन में हुई थी। इसके बाद से रिश्तों में नरमी आई है।
इसका असर अब व्यापार और यात्रा दोनों पर दिख रहा है। हवाई सेवाओं में बढ़ोतरी इसी दिशा में एक कदम है। इससे कारोबारी और आम यात्री दोनों को फायदा होगा।
इसी क्रम में China Eastern Airlines ने भी हाल ही में अपनी उड़ानें शुरू की हैं। इस एयरलाइन ने कुनमिंग और कोलकाता के बीच सीधी सेवा फिर चालू की है। इसके अलावा उसने दिल्ली से शंघाई के बीच उड़ान भी पहले ही शुरू कर दी थी।
भारतीय एयरलाइंस भी पीछे नहीं हैं। इंडिगो ने 29 मार्च से कोलकाता और शंघाई के बीच रोजाना उड़ान शुरू की है। इससे यात्रियों की संख्या में बढ़ोतरी की उम्मीद है।दिल्ली से ग्वांगझू की नई उड़ान और कोलकाता से जुड़ी सेवाएं इस बात का संकेत हैं कि हवाई नेटवर्क फिर से मजबूत हो रहा है। महामारी के बाद जो रुकावट आई थी, वह अब धीरे धीरे खत्म हो रही है।
कुल मिलाकर यह कदम दोनों देशों के लिए अहम माना जा रहा है। इससे न सिर्फ यात्रा आसान होगी बल्कि आर्थिक गतिविधियों को भी बल मिलेगा। आने वाले समय में और नई सेवाएं शुरू हो सकती हैं।