वॉशिंगटन डीसी
Donald Trump ने एक बार फिर ईरान को लेकर विवादित बयान दिया है। उन्होंने दावा किया कि Central Intelligence Agency (CIA) ने उन्हें बताया था कि ईरान के नए सर्वोच्च नेता Mojtaba Khamenei समलैंगिक हैं। हालांकि, ट्रम्प ने इस दावे के समर्थन में कोई ठोस सबूत पेश नहीं किया।
फॉक्स न्यूज को दिए इंटरव्यू में ट्रम्प ने कहा, “उन्होंने ऐसा कहा था, लेकिन यह सिर्फ उन्हीं की बात नहीं है, कई लोग ऐसा कह रहे हैं।” उन्होंने यह भी जोड़ा कि ईरान जैसे देश में, जहां समलैंगिकता गैरकानूनी है, यह बात नए नेता के लिए “खराब शुरुआत” साबित हो सकती है।
गौरतलब है कि Iran में समलैंगिकता को कानूनन अपराध माना जाता है और इसके लिए कड़ी सजा का प्रावधान है। ऐसे में ट्रम्प का यह बयान अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है।
इससे पहले कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में भी दावा किया गया था कि अमेरिकी खुफिया एजेंसियों की ब्रीफिंग के दौरान ट्रम्प इस जानकारी को सुनकर हैरान रह गए थे। हालांकि, ईरान की ओर से इस तरह के किसी भी दावे की पुष्टि नहीं की गई है।
इसी इंटरव्यू में ट्रम्प ने यह भी कहा कि अमेरिका और Israel ने सैन्य स्तर पर ईरान के खिलाफ “पहले ही जीत हासिल कर ली है।” उन्होंने दावा किया कि अमेरिकी नेतृत्व वाले हमलों ने ईरान की नौसेना, वायुसेना और मिसाइल क्षमता को गंभीर रूप से कमजोर कर दिया है।
ट्रम्प के अनुसार, अमेरिका ने ईरान के कई युद्धपोतों और सैन्य संसाधनों को नष्ट कर दिया है, जिससे उसकी सैन्य ताकत लगभग खत्म हो गई है। उन्होंने कहा कि ईरान की मिसाइल क्षमता अब केवल “9 प्रतिशत” तक सीमित रह गई है और उसके लॉन्चर सिस्टम भी नष्ट कर दिए गए हैं।
हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के बयान कूटनीतिक तनाव को और बढ़ा सकते हैं।
कुल मिलाकर, ट्रम्प के हालिया बयान न केवल विवादों को जन्म दे रहे हैं, बल्कि पश्चिम एशिया में पहले से जारी तनाव को और जटिल बना सकते हैं।