India calls on international community to take united action against ISIS, Al Qaeda
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
भारत ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से आतंकवादी संगठनों आईएसआईएस और अल कायदा तथा उनके सहयोगियों के खिलाफ मिलकर कार्रवाई करने का आह्वान किया है। भारत ने इस बात पर भी जोर दिया कि आतंकवाद अंतरराष्ट्रीय शांति एवं सुरक्षा के ‘‘अस्तित्व’’ के लिए खतरा है।
संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी मिशन के प्रथम सचिव रघु पुरी ने बुधवार को कहा, ‘‘आतंकवाद अंतरराष्ट्रीय शांति एवं सुरक्षा के लिए एक गंभीर खतरा है। यह सीमाओं, राष्ट्रीयता या जातीयता को नहीं जानता और यह एक ऐसी चुनौती है जिसका सामना अंतरराष्ट्रीय समुदाय को सामूहिक रूप से मिलकर करना होगा।’’
संयुक्त राष्ट्र आतंकवाद-विरोधी कार्यालय (यूएनओसीटी) द्वारा सदस्य देशों को दिए जाने वाले वार्षिक राजदूत स्तरीय संबोधन में पुरी ने अप्रैल 2025 में जम्मू कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले का जिक्र किया। इस हमले को पाकिस्तान स्थित लश्कर-ए-तैयबा (संयुक्त राष्ट्र द्वारा सूचीबद्ध आतंकवादी संगठन) के सहयोगी संगठन ‘द रेजिस्टेंस फ्रंट’ ने अंजाम दिया था। इस आतंकी हमले में 26 पर्यटकों की जान चली गई थी।
उन्होंने कहा, ‘‘हमें आईएसआईएस और अल कायदा तथा उनके सहयोगियों के खिलाफ मिलकर कार्रवाई करनी होगी।’’
भारत ने बहुपक्षीय सहयोग के लिए एक केंद्रीय साधन के रूप में वैश्विक आतंकवाद विरोधी रणनीति (जीसीटीएस) के महत्व पर जोर दिया।