काठमांडू
नेपाल में आई विनाशकारी अचानक बाढ़ ने भारी तबाही मचाई है। बाढ़ में मरने वालों की संख्या बढ़कर 1,287 हो गई है, जबकि 5,083 लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं। नेपाल की आपदा प्रबंधन एजेंसी ने शुक्रवार, 4 सितंबर को जारी अपने ताजा अपडेट में यह जानकारी दी।
वहीं, पड़ोसी चीन के तिब्बत क्षेत्र में भी बाढ़ और भूस्खलन से बड़ी संख्या में लोग प्रभावित हुए हैं। तिब्बत में अब तक 21 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि 541 लोग लापता हैं। इस तरह नेपाल और तिब्बत में 26 अगस्त को आई इस प्राकृतिक आपदा में अब तक 1,308 लोगों की मौत हो चुकी है और 5,624 लोग लापता हैं।
करीब 800 विदेशी नागरिक भी लापता
लापता लोगों में करीब 800 विदेशी नागरिक शामिल हैं। इनमें पर्वतारोही और कैलाश मानसरोवर की यात्रा पर गए तीर्थयात्री भी बताए जा रहे हैं। कैलाश मानसरोवर हिंदू और बौद्ध धर्म के अनुयायियों के लिए बेहद पवित्र धार्मिक स्थल है।
बाढ़ और भारी बारिश के कारण नेपाल और तिब्बत में हालात बेहद खराब हो गए हैं। कई इलाकों में संपर्क और आवागमन प्रभावित हुआ है। राहत और बचाव दल लगातार लापता लोगों की तलाश में जुटे हैं।
भारत तक पहुंचे बाढ़ में बहकर आए शव
नेपाल और तिब्बत में आई भीषण बाढ़ के पानी में बहकर कई शव भारत के विभिन्न हिस्सों तक पहुंच गए हैं। अब तक भारत में 17 शव बरामद किए जा चुके हैं। हालांकि, इन शवों को नेपाल और तिब्बत में बाढ़ से हुई मौतों के आधिकारिक आंकड़ों में अभी शामिल नहीं किया गया है।
बाढ़ के कारण बड़े पैमाने पर जनजीवन प्रभावित हुआ है और मृतकों तथा लापता लोगों की संख्या बढ़ने की आशंका बनी हुई है। बचाव अभियान जारी है और अधिकारी स्थिति पर लगातार नजर रख रहे हैं।
स्रोत: एएफपी, एमटीआई