Rajasthan's robust health infrastructure is being neglected under the BJP government: Ashok Gehlot
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने सोमवार को आरोप लगाया कि राज्य की मौजूदा भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार के कार्यकाल में स्वास्थ्य ढांचा उपेक्षा का शिकार हो रहा है।
गहलोत ने कहा कि राज्य सरकार को बिगड़ते हालात सुधारने के लिए ध्यान देना चाहिए।
उन्होंने एक बयान में कहा, ‘‘राजस्थान का सुदृढ़ स्वास्थ्य ढांचा आज उपेक्षा का शिकार होकर दरक रहा है।’’
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘यह बेहद चिंताजनक है कि हमारी कांग्रेस सरकार द्वारा स्थापित विश्वस्तरीय ‘हेल्थ मॉडल’ को वर्तमान सरकार धराशाई कर रही है। आरजीएचएस (राजस्थान सरकार स्वास्थ्य योजना) के अंतर्गत बकाया भुगतान न होने के कारण एक बार फिर निजी अस्पतालों ने ओपीडी और दवा देने संबंधी सेवाएं रोकने की तैयारी कर ली है, जिससे कर्मचारी और पेंशनधारक अधर में हैं।’’
उन्होंने कहा, ‘‘साथ ही, चिरंजीवी (एमएए) योजना को शिथिल कर प्रदेशभर के अस्पतालों में इलाज में देरी और आवश्यक दवाइयों की भारी किल्लत पैदा कर दी गई है।’’
गहलोत ने दावा किया कि जयपुर के सवाई मान सिंह अस्पताल और जनाना अस्पताल जैसे बड़े केंद्रों में रक्त की भारी कमी एक बड़ा ‘‘आपातकाल’’ है जो प्रदेशवासियों के ‘‘जीवन के लिए जानलेवा’’ साबित हो सकता है।
उन्होंने मांग की कि सरकार को चाहिए कि निजी ब्लड बैंक पर लगी रोक अविलंब हटाए ताकि मरीजों की समस्याओं का समाधान हो सके।