Litchfield has the ability to score quickly without playing big shots.
आवाज द वॉयस/नई दिल्ली
ऑस्ट्रेलिया की यह उभरती हुई बल्लेबाज फोबे लिचफील्ड गेंद को ज्यादा ताकत से मारने वाले बल्लेबाजों में नहीं गिनी जाती है लेकिन उन्होंने खेल के सबसे छोटे अंतरराष्ट्रीय प्रारूप में तेजी से रन बनाने का तरीका ढूंढ लिया है।
इस 22 साल की बल्लेबाज ने गुजरात जायंट्स के खिलाफ महिला प्रीमियर लीग में यूपी वॉरियर्स के लिए 40 गेंदों में 78 रन की पारी के साथ सर्वोच्च स्कोरर रही। उनकी आक्रामक पारी के बावजूद टीम को इस मैच में हार का सामना करना पड़ा।
लिचफील्ड ने कहा, ‘‘टी20 क्रिकेट पर निश्चित रूप से मैं लगातार काम कर रही हूं। मैं शायद कुछ बड़े हिटर्स जितनी ताकत से गेंद नहीं मार पाती, इसलिए मैंने अपना तरीका खोजा है। यह तरीका है क्षेत्ररक्षकों के बीच की जगह का अच्छा उपयोग करना। मेरे लिए इससे रन बनाना आसान हो जाता है।’’
लिचफील्ड ने 2022 में भारत के खिलाफ टी20 अंतरराष्ट्रीय में पदार्पण किया और 2024 डब्ल्यूपीएल नीलामी में उन्हें गुजरात जायंट्स ने एक करोड़ रुपये में खरीदा था।
उन्होंने कहा, ‘‘आप मुझसे अगर कुछ साल पहले कहते कि मैं कुछ छक्के लगाऊंगी, तो मैं विश्वास नहीं करती। सभी खिलाड़ी मजबूत हो रहे हैं और गेंद अधिक दूर जा रही है। मैं हालांकि ताकत लगाने की जगह बल्ले की स्विंग और सही टाइमिंग पर ध्यान देती हूं।’’
मौजूदा सत्र से पहले यूपी वॉरियर्स की टीम से जुड़ी इस खिलाड़ी ने कहा अपनी पारी में आठ चौके और पांच छक्के जड़े। उकनी टीम इस आक्रामक पारी के बाद भी मैच को 10 रन से हार गयी।
लिचफील्ड ने कहा, ‘‘हमारे बल्लेबाज़ी क्रम में बहुत सारी विविधता और आक्रामक बल्लेबाज है। टीम के लिए संदेश यही है कि अपने ऊपर भरोसा रखो, अपने शॉट खेलो और रन बनाने का कोई मौका नहीं चूको।